गांव सिरसा निवासी 25 वर्षीय रवि कुशवाहा की दो दिन पहले बुखार से हालत खराब हो गई। घर वालों ने उसे नगर के कोतवाली रोड स्थित एक क्लीनिक में भर्ती कराया था। सोमवार को रवि की मौत हो गई। रवि के परिवार वालों ने चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया और क्लीनिक में तोड़फोड़ की। रवि के ससुर गांव पिपरिया दुलई निवासी रामचंद्र कुशवाहा ने बताया कि चिकित्सक ने 72 घंटे के अंदर रवि को ठीक करने का जिम्मा लिया था। आठ हजार रुपये भी जमा कराए थे। आरोप है कि सोमवार को रवि को गलत इंजेक्शन लगा दिया गया। इससे उसकी मौत हो गई। उधर, चिकित्सक ने बताया कि रवि की मौत गलत इंजेक्शन से नहीं हुई। तीमारदारों को रवि को पानी देने से मना किया गया था। सोमवार को तीमारदार से रवि के होंठ पोंछने को कहा गया। इस दौरान रवि के फेफड़ों में पानी पहुंचने से उसकी मौत हुई है। रवि को दिमागी बुखार था। सूचना पर मौके पर पुलिस भी पहुंची और समझा बुझाकर शांत कराया। बाद में दोनों पक्षों में समझौता होने पर पुलिस वापस लौट गई।
छह माह पहले भी हुई थी तोड़फोड़
इसी क्लीनिक पर करीब छह माह पहले एक महिला की मौत हुई थी। तब महिला के परिवार वालों ने चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा कर तोड़फोड़ की थी। मृतक के परिवार वालों का भी कहना था कि डॉक्टर ने महिला को सही करने का जिम्मा लिया था। बाद में इस मामले में भी समझौता हो गया था।