व्यापारियों ने प्रधानों के साथ दिया धरना
बाघ के हमले और वन विभाग द्वारा इसे न पकड़ पाने के विरोध में व्यापारियों और प्रधानों ने संयुक्त रूप से प्रदर्शन किया। वक्ताओं ने खूनी हो चुके बाघ से जल्द निजात दिलाने की मांग की।
तहसील परिसर में सोमवार को प्रधान संगठन और व्यापार मंडल की ओर से संयुक्त धरने का आयोजन किया गया। प्रधान संघ जिलाध्यक्ष राशिद मलिक ने कहा कि बाघ की दहशत से लोगों का जीना दुश्वार हो गया है। व्यापारी नेता असगर अली ने चेतावनी दी कि यदि जल्द बाघ न पकड़ा गया तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर अशोक राठौर, हरविंदर सिंह, बदरुल हसन, हसीब अंसारी, वली अहमद, रोहित मलिक, चंदू गुप्ता, फुरकान मलिक, मोहम्मद नाजिम, ज्योउद्दीन, जाफर अली, तसलाम मलिक, सुल्तान खां, सर्वेश गुप्ता, अमन सरपाल, अमित गुप्ता, तौसीफ मियां, हामिद खां सहित कई लोग थे।
सपा का धरना समाप्त
अमरिया। बाघ की घटनाओं के विरोध में चल रहा सपा का धरना दूसरे दिन समाप्त हो गया। धरने में पहुंचे एमएलसी अमित यादव रिंकू ने कहा कि प्रदेश सरकार बाघों से जनसामान्य की सुरक्षा नहीं कर पा रही है। आधी अंधूरी व्यवस्थाओं के चलते बाघ जंगल से बाहर आकर हमले कर रहा है। जिला अध्यक्ष आनंद सिंह यादव ने कहा मृतकों के परिवारों को 25-25 लाख मुआवजा मिलना चाहिए। इस माके पर सद्दीक हसन, तसलीमुलशान खां सहित कई लोग थे।