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बाबा को लगा रहता था डर, सोनू को नहीं भेजना चाहते थे सोनू मां के साथ

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पीलीभीत। आठ साल के मासूम सोनू की गला दबाकर हत्या करने के मामले में अब उसकी मां राजेश्वरी देवी और मौसा महेश पर हत्या का आरोप लगा है। परिवार वाले दावा कर रहे है कि दोनों ने अपने अवैध संबंधों की खातिर बाधा बनने पर आठ साल के सोनू को मौत के घाट उतार दिया है। हालांकि इसको लेकर अभी पुलिस जांचकर साक्ष्य जुटाने में लगी है। वहीं बाबा बाबूराम का कहना है कि हत्या करने के लिए ही सोनू को शादी में ले जाया गया था।
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सोनू के पिता श्याम बिहारी की तीन साल पहले मौत हो गई थी। बाबा के अनुसार इसके कुछ दिन बाद से ही सोनू की मां राजेश्वरी का अपने बहनोई नवदिया गांव निवासी महेश से अवैध संबंध हो गए थे। सोनू उनके बीच बाधा बनने लगा था। इसको लेकर वह सोनू से रंजिश मानने लगा था। उनके सोनू के प्रति व्यवहार को देखकर ही बाबा बाबूराम को डर सताता रहता था। मौसेरे भाई राजकुमार की शादी के लिए जब राजेश्वरी सोनू को ले जाने लगी, उस वक्त भी मना किया गया था। आरोप है कि सोनू भी वहां मां के साथ नहीं जाना चाहता था, लेकिन राजेश्वरी उसको जबरन अपने साथ ले गई। वहां महेश भी पहुंचा हुआ था। ऐसे में यह भी अंदेशा जताया जा रहा है कि कहीं पूरी प्लानिंग के तहत तो ये नहीं किया गया? इसको लेकर पुलिस अब छानबीन में जुटी हुई है।
एक पल में बदला खुशनुमा बरात का माहौल
सोनू के मौसेरे भाई राजकुमार की सोमवार को ही शादी थी। बरात की तैयारियां जोरशोर से चल रही थी। इस बीच अचानक सोनू लापता हुआ और फिर बरात के दिन ही उसका शव मिल गया। इससे खुशनुमा माहौल गम में बदल गया। बरात अमरिया थाना क्षेत्र के धुंधरी जानी थी। इसको लेकर दिन भर परिवार वाले असमंजस में दिखाई दिए। हालांकि पुलिस ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद सोनू का शव महादिया पूरनपुर चले जाने के बाद बरात भी निकल गई।
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दिन भर बदहवाश रही मां, सबसे अधिक चिंतित थे मौसा
सोपू की हत्या का आरोप उसकी मां राजेश्वरी और मौसा महेश पर है। इसकी पुलिस अभी पड़ताल कर रही है। खास बात ये है कि घटना के बाद दोनों ही परिजनों की भीड़ के बीच मौजूद थे। घटनास्थल से लेकर पोस्टमार्टम हाउस तक मां राजेश्वरी बदहवाश रही। किसी से कोई बात तक नहीं कर पा रही थी। परिवार वाले उसको संभालने में जुटे हुए थे। वहीं आरोपी मौसा महेश भी काफी चिंतित से लग रहे थे। पुलिस के अनुसार वह कार्रवाई पूरी कराने के लिए आगे आकर बातचीत कर रहे थे। अब उन पर ही आरोप लगने के बाद पुलिस भी दंग रह गई है। इस मामले में सुबह से मौजूद परिजन किसी पर आरोप नहीं लगा रहे थे। रंजिश से भी इंकार किया जा रहा था, लेकिन उनके बीच आपस में किसी बात पर बार-बार झड़प हो रही थी। इससे कुछ संदेह उजागर हो रहा था। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद से आरोपी मौसा फरार है।
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