फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बाघ की आड़ में शिकारियों की तो करतूत नहीं

विज्ञापन
विज्ञापन
मझोला/ पीलीभीत। जंगल से बाहर बाघ की चहलकदमी की आड़ में कहीं शिकारी तो सक्रिय नहीं हो गए हैं। गन्ने के खेत में मिले बारहसिंगा के सिर को देखने के बाद तो यही लगता है। सिर से सींग गायब हैं। हालांकि आसपास के लोग बारहसिंगा को बाघ के निवाला बनाने की बात कह रहे हैं, लेकिन सींग गायब होने से यह बाघ के शिकार का मामला नहीं लग रहा।
विज्ञापन

मझोला क्षेत्र के अंतर्गत दरोगा फार्म के निकट गन्ने के खेत में बुधवार को फार्म स्वामी मालिक गुरुसेवक सिंह ने बारहसिंगा का शव पड़ा देखा। उसका सिर धड़ से अलग था, और सींग गायब थे। उन्होंने इसकी सूचना वनविभाग को दी, लेकिन वनकर्मियों की टीम मौके पर नहीं पहुंची। इधर, जानकारों का कहना है कि बाघ शिकार के बाद पशु का सिर्फ मांस खाता है। सींग या बहुत मोटी हड्डियों को छोड़ देता है।
वन और उसके आसपास के इलाके में वन्यजीवों का शिकार कोई नई बात नहीं है। अक्सर शिकारी पकड़े भी जाते हैं, लेकिन इधर चूंकि बाघ जंगल के बाहर अमरिया इलाके में सक्रिय हैं, इसलिए यह माना जा रहा है कि शिकारी बाघ की आड़ में शिकार करने लगे हैं। उन्हें पता है कि बाघ को लेकर लोगों में इस कदर दहशत है कि उनकी करतूत भी ग्रामीण बाघ के सिर ही मढ़ देंगे। इधर, इस बाबत जानकारी करने पर सामाजिक वानिकी के रेंजर सतेंद्र कुमार ने बताया कि उन्हें इस तरह की कोई सूचना नहीं मिली है। वनकर्मियों की टीम को मौके पर भेज कर जानकारी कराई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें