एसपी के आदेश पर सुनगढ़ी पुलिस ने पिता-पुत्र के खिलाफ दर्ज की रिपोर्ट
जुलाई माह में मजदूरी करने परिवार संग कश्मीर गई थी किशोरी
परिवार वालों संग मजदूरी करने गई किशोरी को नशा देकर अगवा करने और उसके बाद एक अंजान स्थान पर बंधक बनाकर दो माह तक यौन शोषण करने के आरोप में पुलिस ने पिता-पुत्र के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की है। एसपी के आदेश पर सुनगढ़ी पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ शनिवार को मुकदमा दर्ज कर लिया है।
सुनगढ़ी थाना क्षेत्र निवासी एक किशोरी ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि जुलाई 2017 में वह अपने पिता और अन्य परिवार वालों संग मजदूरी करने के लिए कश्मीर गई थी। वहीं पर अलीगंज (कोतवाली) निवासी महेश पुत्र टीकाराम भी मजदूरी करता था। जिससे उसकी बोलचाल हो गई। आरोप है कि 22 सितंबर की देर शाम वह घर पर अकेली थी। इस बीच आरोपी महेश सिर में दर्द की बात कहकर घर आया और चाय बनवाई। इस दौरान चाय में नशा देकर बेहोश कर दिया। कुछ देर बाद आंख खुलने पर किशोरी ने खुद को एक कार में पाया। पूछने पर आरोपी ने डरा धमकाकर चुप करा दिया। आरोपी का पिता भी उसके साथ था। तहरीर के अनुसार उसके बाद आरोपियों ने फिर उसे नशा देकर बेहोश कर दिया और कश्मीर से लेकर दो माह पहले पीलीभीत आ गए। वहां दोनों आरोपियों ने किशोरी को सुनगढ़ी क्षेत्र स्थित एक अंजान स्थान पर ले गए और दो माह तक वहां बंधक बनाए रखा। यहां आरोपी महेश ने उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए। 10 नवंबर को किसी तरह मौका पाकर किशोरी आरोपी के चंगुल से छूटकर अपने पिता के घर पीलीभीत पहुंची और अपने साथ हुई घटना की जानकारी दी। आरोप है कि इसकी तहरीर उसी समय सुनगढ़ी पुलिस से की गई, लेकिन जांच के नाम पर पुलिस ने उसे टरका दिया। पीड़िता ने एसपी के समक्ष दुखड़ा सुनाकर न्याय की गुहार लगाई, जिसके बाद अब मुकदमा दर्ज किया गया है। एसएचओ मुहम्मद कासिम ने बताया कि एसपी के आदेश पर आरोपी महेश व उसके पिता टीकाराम के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पीड़िता की ओर से दी गई तहरीर में कई चीजें स्पष्ट नहीं हो रहीं हैं। तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।