हजारा (पीलीभीत)। जमीन पर कब्जा करने के कई मुकदमों में आरोपी बनाए जाने के बाद भू-माफिया घोषित हो चुके पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष गुरुदयाल सिंह पर कानूनी शिकंजा कसता जा रहा है। उनके और परिवार के अन्य लोगों के नाम दर्ज शस्त्रों के निरस्तीकरण के लिए थाना पुलिस ने रिपोर्ट बनाकर डीएम-एसपी को भेज दी है।
हजारा क्षेत्र के निवासी पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष पर पिछले दिनों किसानों की जमीन पर जबरन कब्जा करने का आरोप लगा था। एक बार तो किसान की चौकी परिसर में पुलिस के सामने पिटाई करने की शिकायत सामने आई। विभिन्न मामलों में उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। इसके बाद गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई एसपी कलानिधि नैथानी के निर्देश पर पुलिस कर चुकी है। साथ ही जिला प्रशासन ने सख्ती करते हुए भू-माफिया घोषित कर दिया। चंद दिन पहले ही कुछ लोगों ने डीएम से मुलाकात कर अब तक हुई पूर्व जिपं अध्यक्ष पर कार्रवाई को गलत बताते हुए इसके पीछे राजनीतिक कारण गिनाए थे। उनको भू-माफिया घोषित करने को लेकर भी जांच कराने की मांग की गई। इस पर भले कोई राहत न मिल सकी हो, लेकिन पुलिस ने शिकंजा कसने को एक कदम और आगे बढ़ाया है। एसएचओ शैलेंद्र पाल सिंह ने बताया कि पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष गुरुदयाल सिंह के नाम से एक 12 बोर डबल बैरर बंदूक समेत दो असलहा और उनकी पत्नी प्रकाश कौर के नाम से राइफल है। इनका लाइसेंस पंजाब के गुरदासपुर जिले से बना हुआ है। इन सभी लाइसेंस के निरस्तीकरण के लिए रिपोर्ट बनाकर डीएम-एसपी को भेज दी गई है।