मानवाधिकार आयोग के आदेश पर मानव तस्करी, हत्या की रिपोर्ट दर्ज
दंपति समेत तीन किए गए नामजद, जांच में जुटी पुलिस
अमर उजाला ब्यूरो
बिलसंडा। पहले शादी कराने के नाम पर एक युवक से 70 हजार रुपये लिए गए। इसके बाद रीति-रिवाज का हवाला देकर आरोपी नवविवाहिता को नेपाल ले गए। जिसके बाद से उसका कोई सुराग नहीं लग सका है। आरोपी दंपति समेत तीन पर मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली के आदेश पर पुलिस ने मानव तस्करी और हत्या की रिपोर्ट दर्ज की है।
थाना क्षेत्र गांव नवदिया मरौरी निवासी ओमप्रकाश ने बताया कि उसके भतीजे गयादीन की शादी कराने के लिए गांव के जसवीर ने बातचीत की थी। जसवीर की पत्नी संगीता जोकि नेपाल की रहने वाली है। उसने कहा कि वह नेपाल से गयादीन की शादी करा देगी। नेपाली रीति रिवाज के चलते लोगों को दावत देनी होगी, जिसमें 70 हजार रुपये का खर्च होगा। बातचीत के बाद शादी कराने की बात तय हो गई और गयादीन ने 70 हजार रुपये दे दिए। कुछ दिन बाद अंजना नाम की एक लड़की को आरोपी पक्ष गांव लेकर आए। हिंदू रीति रिवाज के अनुसार 26 जनवरी 2018 को मंदिर में शादी करा दी गई। संगीता ने कहा कि नेपाली रिवाज में शादी के बाद लड़की को मायके जाकर दहलीज बदलनी होती है। वह अंजना को लेकर धनगढ़ी नेपाल चली गई। गयादीन भी उनके साथ गया। एक महिला को अंजना की मां बताते हुए मुलाकात कराई गई, जिसके बाद गयादीन को लौटा दिया गया। कहा गया कि पांच दिन बाद अंजना रीति-रिवाज के आधार पर ससुराल आ जाएगी। कुछ दिन बीतने के बाद जसवीर और संगीता तो आ गए, लेकिन अंजना नहीं आई। गयादीन के पूछने पर आरोपियों ने घरेलू काम बता टाल दिया। जसवीर काम करने के लिए गुजरात चला गया। पत्नी के वापस न आने पर 11 सितंबर 2018 को गयादीन ने मामले की शिकायत थाना पुलिस से की। पुलिस मामले में कार्रवाई करने के बजाए दोनों आरोपियों का शांतिभंग की आशंका में चालान कर कर्तव्यों से इतिश्री कर ली। अब मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली के आदेश पर जसवीर उसकी पत्नी संगीता और पिता मेवाराम पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें लड़कियों को बेचने का व्यापार करने का आरोप लगाया है। यह भी आशंका जताई कि आरोपियों ने अंजना की या तो हत्या कर दी है, या किसी को बेच दिया है। कोतवाल मनोज कुमार त्यागी ने बताया कि तहरीर के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।