पीलीभीत। जमीन ओर मकान हड़पने के लिए बुजुर्ग किसान कोमिल प्रसाद की हत्या उसके पोते हरिशंकर ने चार लाख रुपये की सुपारी देकर कराई थी। हत्याकांड को अंजाम देने में रुद्रपुर की एक महिला को शामिल किया गया। स्वाट और सर्विलांस टीम ने सुरागरसी के बाद पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। एसपी कलानिधि नैथानी ने प्रेसवार्ता कर हत्याकांड का खुलासा करते हुए कामयाबी पाने वाली पुलिस टीम को आठ हजार रुपये इनाम की घोषणा की है।
कस्बा बरखेड़ा निवासी 75 वर्षीय कोमिल प्रसाद तीन साल से ग्राम परेवा अनूप निवासी सूरजपाल के निर्माणाधीन विद्यालय में रहकर मशरूम की खेती करते थे। सात अक्तूबर को किसान की बांका मारकर हत्या कर दी गई थी। इसमें सूरजपाल की तहरीर पर बरखेड़ा पुलिस ने अज्ञात पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। पुलिस के मुताबिक, कोमिल प्रसाद की हत्या 20 बीघा जमीन और दो मकान हथियाने के लिए उसके पोते हरिशंकर ने कराई थी। इसके लिए ऊधमसिंह नगर के ट्रांजिट कैंप क्षेत्र के नयरान कॉलोनी निवासी नेकपाल को चार लाख रुपये की सुपारी दी गई। इसके बाद नेकपाल ने अपने तीन अन्य साथी तैयार किए। इसमें पिपरियामंडन बरखेड़ा निवासी छोटेलाल, परेवा अनूप निवासी श्रीकृष्ण और रुद्रपुर उत्तराखंड के ग्राम भदेईपुरा निवासी सीमा पत्नी हरद्वारी लाल को शामिल किया। हरिशंकर से एक लाख रुपये एडवांस मिलने के बाद घटना की रात आरोपी परेवा अनूप गांव पहुंचे और विद्यालय परिसर में रह रहे किसान कोमिल प्रसाद की हत्या कर भाग गए।
एसपी ने हत्याकांड के खुलासे में थाना पुलिस के अलावा स्वाट टीम प्रभारी इंद्रजीत सिंह भदौरिया और सर्विलांस प्रभारी रेहान खां को टीम के साथ लगाया। एसएचओ राजेश मौर्य, एसएसआई बरखेड़ा वीके पटेल भी सुराग जुटाने में लगे रहे। चार दिन की सुरागरसी के बाद संयुक्त कार्रवाई कर स्वाट और सर्विलांस टीम ने हत्याकांड की गुत्थी सुलझा दी। पुलिस ने पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से सुपारी को लेकर दिए गए एक लाख सात नौ हजार में से साढ़े 51 हजार रुपये और हत्याकांड में इस्तेमाल बांका बरामद किया। बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन स्थित सभागार कक्ष में प्रेसवार्ता कर एसपी कलानिधि नैथानी ने घटना का खुलासा कर टीम को आठ हजार रुपये इनाम की घोषणा की। इसके बाद पांचों आरोपियों को न्यायालय के लिए चालान कर दिया है।