शहर में पानी निकास को करीब 28 नाले हैं। इसमें पांच बड़े जबकि अन्य छोटे हैं। पालिका प्रशासन हर साल बरसात पूर्व इन नालों की सफाई ठेका देकर करवाती है, लेकिन इस बार नालों की सफाई का ठेका लेने कोई भी ठेकेदार नहीं पहुंचा। इसके बाद पालिका प्रशासन ने अपने स्तर नाला सफाई का निर्णय लिया। इधर इस मामले को अमर उजाला ने 20 मई के अंक में प्रकाशित किया था। बुधवार को पालिका प्रशासन ने आनन फानन में नालों की सफाई का कार्य शुरू कर दिया। बुधवार को पहले चरण में मस्जिद पठानी से देवहा नदी तक जाने वाले करीब डेढ़ किलोमीटर लंबे नाले की सफाई का कार्य शुरू करा दिया गया। इस कार्य में करीब 30 मजदूरों को लगाया गया है। चेयरमैन प्रभात जायसवाल ने बुधवार सुबह देवहा नदी की तरफ से शुरू हुए सफाई कार्य का जायजा लिया और सफाई निरीक्षकों को सफाई कार्य गुणवत्तापरक कार्य कराने के निर्देश दिए। इस दौरान सफाई निरीक्षक प्रकाशचंद, अमरकिशोर आदि मौजूद रहे। चेयरमैन ने बताया कि नालों की सफाई का कार्य तेजी से शुरू करा दिया गया है। मजदूरों की संख्या बढ़ाकर निर्धारित समयावधि में कार्य पूरा करा दिया जाएगा।