पीलीभीत। पीएचसी स्तर पर आयोजित होने वाले जन आरोग्य मेले में अव्यवस्थाएं थम नहीं रही हैं। कहीं मेले में आने वालों की जांच नहीं हो पा रही तो कहीं महिला चिकित्सक न होने से महिला मरीज परेशान हैं।
शहर के नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में 71 मरीज पहुंचे। डाॅ. जसदेव वर्मा, डॉ. पंकज राजवंशी ने परामर्श दिया। फार्मासिस्ट अमरेश कुमार ने दवा दी। यहां पर बुखार के 11 मरीज आए। इसमें पांच मरीजों की मलेरिया जांच कराई गई। सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई।
बीसलपुर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आयोजित आयुष्मान भव मेले में डॉ. चंदन सिन्हा ने 105 मरीजों का परीक्षण किया। फार्मासिस्ट गिरीश दिवाकर ने मरीजों को दवाई दी। महिला चिकित्साधिकारी के न होने से अधिकतर महिला मरीज लौट गईं।
नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉ. आशीष अग्रवाल और डॉ. सविता विद्यार्थी ने 53 मरीज देखे। फार्मासिस्ट अमित सिंह ने मरीजों को दवाई दी। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शिवपुरी नवदिया में डॉ. चिराग और डॉ. ललिता रस्तोगी ने 62 मरीज देख। फार्मासिस्ट यतेंद्र कुमार ने मरीजों को दवाई दी।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खांडेपुर में डॉ. पराग अग्रवाल और डॉ. उज्जमा अख्तर ने 39 मरीज देखे और उन्हें दवाई दिलवाई। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चुर्रासकतपुर के मेले में डॉ.कमलेश गंगवार और डॉ.शबीना ने 37 मरीज देखे। फार्मासिस्ट प्रशांत कुमार ने मरीजों को दवाई दी।
किसी भी मेले में मरीजों के चेकअप का बंदोबस्त नहीं था। डॉक्टरों ने मरीजों के बताए गए रोगों के लक्षणों के आधार पर दवाई दिलवाई। चेकअप न होने मरीजों में रोष देखा गया। संयुक्त प्रभारी डॉ. लेखराज गंगवार ने बताया कि मेलों से संबंधित कोई शिकायत आएगी तो उसकी जांच कराई जाएगी।
पूरनपुर। सीएचसी में रविवार को आयुष्मान भव मेला लगा। एक चिकित्सक, फार्मेसिस्ट, लैब टेक्नीशियन सहित चार कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई। अवकाश के चलते पूरे दिन मेले में सन्नाटा पसरा रहा। नाममात्र को ही मरीज और तीमारदार पहुंचे।