बीसलपुर। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने खानपुर वीरमपुर की पूर्व प्रधान की याचिका पर खंड विकास अधिकारी को तलब किया है। शुक्रवार को विकास खंड कार्यालय में इस मामले से संबंधित प्रपत्र तैयार होते रहे।
खानपुर वीरमपुर की पूर्व प्रधान यशोदा देवी ने बताया कि उन्होंने अपने कार्यकाल में अपने पास से करीब सात लाख रुपये की लागत से सार्वजनिक शौचालय बनवाया था। इसके बाद दूसरा प्रधान चुन लिया गया। यशोदा देवी भुगतान कराने के संबंध में पंचायत विभाग, विकास विभाग और जिला प्रशासन के अधिकारियों के चक्कर लगाती रहीं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। मायूस होकर यशोदा देवी ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर दी।
याचिका में उत्तर प्रदेश सरकार के सचिव, पीलीभीत के जिलाधिकारी, पीलीभीत के मुख्य विकास अधिकारी, बीसलपुर के खंड विकास अधिकारी, खानपुर वीरमपुर के ग्राम विकास अधिकारी और खानपुर के मौजूदा ग्राम प्रधान को पक्षकार बनाया गया है। उच्च न्यायालय ने पिछले दिनों मामले की सुनवाई करते हुए खंड विकास अधिकारी को आठ अगस्त को न्यायालय में तलब किया है।