पीलीभीत। देवीपुरा गो आश्रय स्थल का मामला खुलने के बाद अब जिले के सभी 53 आश्रय स्थलों का सत्यापन कराया जाएगा। मुख्य विकास अधिकारी ने इसके लिए मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को निर्देश जारी किए है। उनसे नोडल अधिकारी नामित करने के लिए कहा है।
पिछले सप्ताह हिंदु महासभा ने देवीपुरा गो आश्रय स्थल पर जाकर जांच पड़ताल की थी। इस दौरान बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां मिलीं। इसके बाद सीडीओ ने तीन सदस्यीय टीम से जांच कराई तो प्रधान और सचिव की लापरवाही सामने आई थी। साथ ही वहां के गोपालक और केयरटेकर भी जिम्मेदार थे। इस पर दोनों को हटाने की प्रक्रिया चल रही है।
एक जगह पशुओं के प्रति लापरवाही पाए जाने पर अब जिले के सभी 53 गो आश्रय स्थलों की जांच और सत्यापन कराया जाएगा। इसके लिए सीडीओ ने सीवीओ को नोडल अधिकारी नामित कराकर जांच कराने के निर्देश दिए हैं। जांच के दौरान वहां मौजूद पशु, मृत पशु, बीमार पशु और व्यय का ब्योरा एकत्र किया जाना है। सीडीओ धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि रिपोर्ट आने के बाद जहां लापरवाही होगी वहां के जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी।