पीलीभीत का चूका बीच पर्यटकों की आमद से गुलजार होने लगा है। पर्यटन सत्र के दूसरे दिन 160 सैलानी चूका बीच पर पहुंचे। कई सैलानियों ने जंगल सफारी का आनंद लिया। इस दौरान एक वाहन के आगे अचानक बाघ आ गया। बाघ करीब दो मिनट तक वाहन के आगे चलते रहा। बाघ को देख पर्यटक रोमांचित हो उठे।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व के पर्यटन सत्र के दूसरे दिन भी चूका बीच सैलानियों की आमद से गुलजार रहा। प्रकृति के अद्भुत नजारों को देख सैलानी खुश नजर आए। दूसरे दिन 160 सैलानी चूका बीच पहुंचे। यूएसए के पर्यटक दूसरे दिन सफारी का आनंद लेकर लौटे। कुछ ही सैलानियों को बाघ के दीदार हुए। अधिकांश मायूस होकर लौटे।
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पीलीभीत टाइगर रिजर्व का पर्यटन सत्र बुधवार से शुरू हो गया है। पहले दिन मुफ्त में करीब तीन सौ सैलानियों ने चूका बीच की सैर की थी। दूसरे दिन भी चूका बीच और जंगल की सुंदरता के कायल सैलानियों की बेहतर आमद हुई। बृहस्पतिवार को भी जनपद के अलावा बरेली, लखीमपुर, बदायूं के अलावा कुछ विदेशी सैलानी चूका बीच पहुंचे। सैलानियों के पहुंचने से सुबह से ही मुस्तफाबाद में रौनक बढ़ गई।
शाम को दूसरी शिफ्ट तक 30 वाहनों से सैलानी जंगल भ्रमण के लिए रवाना हुए। दोनों शिफ्टों में सैलानियों को बाघों के बेहतर दीदार होने की बात कही जा रही है। जबकि तमाम सैलानी ऐसे भी थे जो बाघ न दिखने पर मायूस होकर लौटे। नहर किनारे बाघ दिखाई देने की बात कही जा रही है।
बुधवार को पीटीआर पहुंचे यूएसए के दो सैलानियों ने बृहस्पतिवार को भी जंगल सफारी का आनंद लिया। इसके बाद वे लौट गए। बृहस्पतिवार को चूका बीच घूमने वाले सैलानियों की संख्या 160 रही।
जंगल सफारी वाहन के आगे दो मिनट चला बाघ
पर्यटन सत्र के दौरान जंगल सफारी करने वाले सैलानियों को बाघ के दीदार हो रहे हैं। बृहस्पतिवार को सफारी के दौरान बाघ मार्ग पर आ गया। इसके बाद धीमी गति से मार्ग पर ही गाड़ी के आगे-आगे चलने लगा। सैलानियों ने बाघ की चहलकदमी का वीडियो बनाया जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
देर रात मुस्तफाबाद पहुंचे पूर्व प्रमुख सचिव
कलीनगर। पर्यटन सत्र के दूसरे दिन बृहस्पतिवार को देर रात उत्तर प्रदेश के पूर्व प्रमुख सचिव आलोक रंजन पीलीभीत टाइगर रिजर्व पहुंचे। उनके साथ दो और लोग मुस्तफाबाद गेस्ट हाउस में ठहरे। शुक्रवार को वह चूका बीच व जंगल सफारी का भ्रमण करेंगे।
चयनित गाइडों को दिया जाएगा प्रशिक्षण
पीलीभीत टाइगर रिजर्व के पर्यटन में इस बार गाइडों की संख्या बढ़ा दी गई लेकिन इनकों प्रशिक्षण नहीं दिया गया। इसके लिए पूर्व में परीक्षा पास करने वाले गाइडों का चयन किया गया। जंगल भ्रमण के दौरान जरूरी जानकारी समेत नियमों का पालन करने के लिए 18 नवंबर को पीटीआर प्रशासन की ओर से चयनित गाइडों को मुस्तफाबाद में प्रशिक्षण दिया जाएगा।