संवाद न्यूज एजेंसी
जानसठ (मुजफ्फरनगर)। तहसील में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में उस समय हड़कंप मच गया, जब फरियाद लेकर पहुंच एक ग्रामीण जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह के सामने ही अपने ऊपर डीजल छिड़ककर आत्मदाह करने की कोशिश की। ऐन वक्त पर पुलिस ने उसे रोक लिया। डीएम के आश्वासन के बाद पुलिस ने उसे समझाबुझा कर गांव भेज दिया।
गांव पुट्ठी इब्राहिमपुर निवासी ओमपाल शनिवार को तहसील में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में पहुंचा। जिलाधिकारी चंद्र भूषण सिंह के समक्ष ही ग्रामीण ने अपने थैले के अंदर से डीजल भरी बोतल निकाली और अपने ऊपर डाल लिया। आत्महत्या करने से पहले ही पुलिस ने उसे पकड़ लिया। इससे तहसील अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। जिलाधिकारी ने ग्रामीण ओमपाल को शांत किया और समस्या बताने को कहा।
ओमपाल ने बताया कि वह लगातार टिकोला शुगर मिल की भूमि और ग्राम सभा की 150 बीघा जमीन की भी पैमाइश कराने की मांग कर रहा है। इसके अलावा उसके नाम एक पट्टे की भूमि भी है, जो आज तक भूमिधर में दर्ज नहीं हुई है। वह कई बार उच्च अधिकारियों से शिकायत कर चुका है, लेकिन उसकी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। वह बेहद आहत है। डीएम ने जल्द ही समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद पुलिस ने उसे समझा बुझाकर गांव भिजवा दिया।
तीन बार मुख्यमंत्री दरबार में भी लगाई गुहार
ओमपाल ने बताया वह अपनी समस्याओं का समाधान कराने के लिए तीन बार लखनऊ में मुख्यमंत्री के दरबार में भी पहुंच कर शिकायत कर चुका है। इसके बावजूद उसकी समस्या जस की तस है।
ग्रामीण ओमपाल की समस्याओं का गंभीरता से संज्ञान में लिया जाएगा। जांच पड़ताल कराई जाएगी। इसके बाद समस्याओं का समाधान करा दिया जाएगा। - संजय सिंह, तहसीलदार