संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। दूध, कचरी और बादाम पैकेट समेत अन्य खादय पदार्थों के नमूने अधोमानक मिलने पर आरोपियों पर जुर्माने की कार्रवाई की गई। एडीएम प्रशासन नरेंद्र बहादुर सिंह ने खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के आठ मामलों में मिलावटखोरों पर 80 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई मानक अधिनियम 2006 के अंतर्गत की गई है।
खाद्य विभाग जिन पदार्थों के नमूने लेकर जांच के लिए भेजता है, उनके अमानक पाए जाने पर एडीएम प्रशासन के न्यायालय में वाद दायर किया जाता है। शुक्रवार को ऐसे ही आठ मामलों का निस्तारण किया गया है। आठों मामलों में 80 हजार का अर्थदंड लगाया गया है। खाद्य पदार्थों की मिलावट के जिन आठ प्रकरणों में कार्रवाई की गई इनमें दूध, मावा आदि के हैं। एडीएम प्रशासन नरेंद्र बहादुर सिंह ने आरोपियों पर जुर्माना लगाए जाने की पुष्टि की है।
इस तरह लिए गए थे खाद्य पदार्थों के नमूने
खाद्य विभाग ने शहर की दाल मंडी के शाकिब के यहां से शुगर कोटेड सौंफ का सैंपल लिया था, जांच में यह अमानक मिला। आरोपी पर आठ हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। चरथावल के आशु गर्ग के यहां कचरी अमानक मिली उन पर 15 हजार का जुर्माना किया गया। सलेमपुर के विष्णु के यहां मिश्रित दूध मिलने पर दस हजार का जुर्माना हुआ। शहर के विरेंद्र सिंह के यहां बादाम पैकेट अमानक मिलने पर 12 हजार का जुर्माना हुआ। तेवड़ा के मोहसिन का भैंस का दूध मिश्रित मिलने पर 20 हजार का जुर्माना हुआ। खतौली के सुंदर के यहां दूध के अमानक मिलने पर 15 हजार का जुर्माना किया गया।
इस साल 108 वादों का निस्तारण
वित्तीय वर्ष 2023-24 में एडीएम न्यायालय से अब तक 108 वादों को निस्तारित करते हुए 15 लाख आठ हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। खाद्य विभाग ने 150 वाद अक्तूबर माह तक दायर किए थे।