श्री निजानंद आश्रम ट्रस्ट के 50वें स्वर्ण जयंती महोत्सव का दूसरा दिन
संवाद न्यूज एजेंसी
रतनपुरी। श्री निजानंद आश्रम ट्रस्ट के 50वें स्वर्ण जयंती महोत्सव के दूसरे दिन देश के विभिन्न शहरों से आए श्रद्धालुओं ने श्री कुलजम स्वरूप के 108 अखंड परायणों का पठन-पाठन पूरे भक्तिभाव के साथ किया। धर्मोपदेशक पंडित देवकरण गांधी ने प्रवचन से श्रीजी साहेब की मेहर बरसाई।
आश्रम के मुख्य धर्मोपदेशक विंध्याचल महाराज, लता बहन, अमृतराज गुजराती, विजय आहूजा, सुदीप, नेत्रपाल सिंह, पवन पुजारी भी मंच पर विराजमान रहे। इससे पूर्व आश्रम की दिनचर्या का शुभारंभ प्रात:कालीन मंगल आरती के साथ हुआ। सुंदरसाथ ने प्रोजेक्टर के माध्यम से सरकार श्री के मुखारबिंद से मुखवाणी चर्चा का रसा-स्वादन किया।
बुधवार की दोपहर भोजन के बाद एक बार फिर से मंच सजा। इसमें सुंदरसाथ ने वाणी गायन के साथ अपने सद्गुरु की स्तुति की। रात मंच में देश-विदेश से पधारे श्रद्धालुओं ने भजन एवं गायन प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग किया। सभी प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। मंच का संचालन सुनील तनेजा ने किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में श्री निजानंद आश्रम ट्रस्ट के डॉक्टर चतरसैन छाबड़ा, वीपी सैनी, कुलदीप भगत, मुकेश वर्मा, सुरेंद्र चौधरी उर्फ बब्बू, चरण सिंह शर्मा, रेखा बहन, चरण सिंह शर्मा, सचिन अमृतसर आदि का सहयोग रहा।