संवाद न्यूज एजेंसी
खतौली। साध्वी ललिता प्रणामी ने बताया कि भगवान श्री कृष्ण सबसे पहले पूतना का नाश करते है। पूतना क्या है, जो पवित्र नहीं है, वही पूतना है। मनुष्य के अंदर अज्ञान, अविद्या, ममता, वासना, ये सब पवित्र नहीं है।
भूड़ क्षेत्र में स्थित आनंद मेमोरियल पब्लिक स्कूल में आयोजित कथा में साध्वी ने कहा कि जब तक जीव को प्रभु का स्पर्श नहीं होता तब तक ये विकार बने रहते है। पूतना भगवान को मारने आई। भगवान का स्पर्श होते ही पूतना का उद्धार हो जाता है। अर्थात जीव के सब विकार समाप्त हो जाते है। जो सबको अपनी ओर आकर्षित करें, वहीं कृष्ण है। कृष्ण जल्दी से किसी को पकड़ते नहीं और जिस जीव को अपनी भक्ति देते है, उसे कभी छोड़ते नहीं है। इस अवसर पर एडवोकेट नवीन उपाध्याय, समंतरा, सोमलता, सुमन, विमलेश, जनेश्वर, मुकेश उपाध्याय, भोला, शिवम, कोकिल, डॉ वेदप्रकाश, ओमपाल शर्मा, रामकुमार प्रजापति, राजकुमार, समंदरपाल, मेघराज सिंह, मास्टर सुरेश, इलमसिंह, राजेदास, श्यामकुमार, ऊषा, सिकंदर, मनीष शर्मा, सुभाष चंद शर्मा, राजबाला, शालिनी, गणेशवती, ओमपाल, कुसुम आदि श्रद्धालु उपस्थित रहे।