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Muzaffarnagar News: टंढेड़ा में 5427 वोटरों में से 71 ने ही किया मतदान

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मोरना (मुजफ्फरनगर)। बिजनौर लोकसभा की मीरापुर विधानसभा के गांव टंढेड़ा के ग्रामीणों ने चुनाव का बहिष्कार कर भूख हड़ताल की। प्रशासन के प्रयास के बाद भी गांव की जनता नहीं मानी। गांव के 11 लोग सड़क बनाने की मांग करते हुए तीन दिन से धरने पर बैठे हैं। प्रशासन के तमाम प्रयास विफल रहे और अधिकारी लगभग 5427 मतदाताओं में से केवल 71 के ही मत डलवा पाए।
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गांव टंढेड़ा के ग्रामीण बीते कई दिन से सड़क बनवाने की मांग करते हुए आंदोलनरत हैं। ग्रामीणों ने चुनाव के बहिष्कार की घोषणा की और भूख हड़ताल पर बैठ गए थे। एसडीएम जानसठ सुबोध कुमार और सीओ राम आशीष यादव गांव में पहुंचे और ग्रामीणों को मनाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने। बाद में प्रशासन ने गांव की आंगनबाड़ी, आशा आदि कर्मचारियों पर वोट डलवाने का दबाव बनाया। गांव में ऐलान भी कराया कि लोग मतदान जरूर करें। प्रशासन के तमाम प्रयास विफल रहे और 5427 मतदाताओं में से केवल 71 ही वोट डालने पहुंचे।
यहां परिषदीय विद्यालय में बनाए गए पांचों बूथ खाली पड़े रहे। ग्रामीणों का आरोप है कि देश की आजादी के बाद यहां उनके मार्ग पर बस चलती थी। 30 साल से कोई बस की सुविधा नहीं है। सड़क आजादी के बाद से आज तक नहीं बनी है। गांव में बच्चों के लिए आठवीं से ऊपर पढ़ने की कोई सुविधा नहीं है। नेता वोट लेते हैं और पांच साल बाद आते हैं। भूख हड़ताल पर बैठे प्रधान के पति खुर्रम अजीज के अलावा विजयकांत शर्मा की हालत गर्मी में बिगड़ गई तो चिकित्सकों ने उन्हें अस्पताल रेफर करने का सुझाव दिया।
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तहसीलदार विपिन कुमार ने दोनों को अस्पताल भेजने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने विरोध कर दिया। देर शाम तक चले बहिष्कार और धरने के बाद ग्रामीणों ने दो दिन के लिए धरना स्थगित कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि दो दिन बाद नई रणनीति के साथ मांग मनवाने के लिए आंदोलन किया जाएगा। भूख हड़ताल पर बैठने वालों में प्रधान के पति खुर्रम अजीज, धर्मेंद्र, रणवीर सिंह, मदनी अंसारी, यशपाल, दुर्गेश, इरफान, मोनू, विजयकांत, विजयपाल, शाहिद शामिल रहे।

प्रशासन पर भारी पड़ी ग्रामीणों की एकता
गांव टंढेड़ा में सर्वसमाज के 5427 मतदाता हैं। चुनाव के लिए यहां पांच बूथ बनाए गए। प्रशासन यहां दबाव बनाने के बाद केवल आशा, आंगनबाड़ी, होमगार्ड, सफाई कर्मी, बूथ लेवल अधिकारी, शिक्षामित्र, शिक्षक एवं राशन डीलर के परिजनों की वोट डलवा पाया। प्रशासन केवल 71 वोट डलवा पाया। मतदान के लिए गांव में पांच बूथ बनाए गए थे। इनमें बूथ नंबर 209 पर 1098 वोट हैं, कोई वोट नहीं पड़ा। बूथ नंबर 210 पर 1149 वोट है कोई वोट नहीं गिरा। बूथ नंबर 211 पर 960 वोट हैं जिसमें कोई मत नहीं गिरा। बूथ नंबर 112 में 985 वोट हैं जिसमें 34 वोट डल पाए। इसी तरह बूथ नंबर 213 में 1235 वोट में से केवल 37 वोट ही डले।
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