मुजफ्फरनगर। मौसम में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। रात का न्यूनतम तापमान घटकर 14 डिग्री तक पहुंच गया। इस साल सर्दी की यह सबसे ठंडी रात रही। दिन में धूप खिलने से लोगों को राहत मिली। शनिवार रात का तापमान एक डिग्री घटकर 14 तक पहुंच गया। जबकि इससे पहले शुक्रवार रात को पारा 15 डिग्री बना हुआ था। रविवार सुबह कोहरे का असर कम रहा और धूप खिली। दिन में तापमान 26.8 डिग्री बना रहा। पांच नवंबर के बाद से दिन का तापमान 30 डिग्री के नीचे बना हुआ है। शनिवार को एक्यूआइ का स्तर 383 तक पहुंच गया था। रविवार वायु गुणवत्ता सूचकांक घटकर 211 पर पहुंच गया। प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने एंटी स्माग गन से छिड़काव कराया। वायु प्रदूषण का स्तर कम करने के लिए छिड़काव को टैंकरों की भी सहायता ली गई। दोपहर के समय धूप निकली लेकिन शाम होते-होते स्माग छाने लगा। वायु प्रदूषण बढ़ने और स्माॅग छाने के कारण सांस और दमा रोगियों की दिक्कत बढ़ रही है। जिला अस्पताल के वरिष्ठ परामर्शदाता डाॅ. योगेन्द्र त्रिखा का कहना है कि जिन घरों में सांस और दमा के रोगी रहते हैं, वहां कोयले की अंगीठी खतरनाक हो सकती है। वायु प्रदूषण बढने के कारण सांस के रोगियों को दिक्कत हो सकती है। इसलिए बेहतर है कि सांस के रोगी सुबह और शाम में घरों से कम बाहर न निकलें। यदि निकलें तो मास्क का प्रयोग करें।