दोनों गांव में बाढ़ जैसे हालात, ग्रामीण जागकर गुजार रहे रात
संवाद न्यूज एजेंसी
मीरापुर (मुजफ्फरनगर)। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के कारण गंगा का जलस्तर बढ़ रहा है। बैराज के समीप बनाए गए बांध पर खतरा मंडरा रहा है। खादर के गांव जीवनपुरी और रामपुर ठकरा में गंगा का पानी घुस गया है। दोनों गांव में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। ग्रामीण जागकर रात गुजार रहे हैं।
बैराज पर गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर चल रहा है। गंगा किनारे बनाए गए बांध पर बनी पत्थर की ठोकरों पर भी गांव अहमदवाला के समीप कटान जारी है, जिसकी ग्रामीण और सिंचाई विभाग के कर्मचारी मरम्मत करने में जुटे हुए हैं।
गांव जीवनपुरी में खेत पूरी तरह से जलमग्न है। गांव में लगभग दो से तीन फीट पानी भरा हुआ है। बुधवार को गंगा बैराज पर जलस्तर में गिरावट देखने को मिली, लेकिन खतरा अभी टला नहीं है। बुधवार शाम गंगा बैराज पर डाउनस्ट्रीम में गंगा का जलस्तर 219.90 रहा। गंगा में करीब 1,65,790 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है।
गंगा बैराज पर सिल्ट भी बन रही मुसीबत
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉक्टर वीरपाल निर्वाल ने गांव जीवनपुरी में पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों ने जिला पंचायत अध्यक्ष से गंगा बैराज के बीच में जमीन सिल्ट की सफाई कराने की मांग की। जिला पंचायत अध्यक्ष ने जिलाधिकारी से फोन पर वार्ता की।
मोरना खादर क्षेत्र में भी बढ़ गया पानी
मोरना। गंगा और सोलानी नदी का जल स्तर बढ़ गया है। ब्लॉक क्षेत्र के गांव मजलिसपुर तोफिर, महाराज नगर, खैर नगर, सिताबपुरी, शुकतीर्थ खादर, बिहारगढ़ के जंगल में पानी नजर आने लगा है। दोबारा खेतों में पानी भर गया है। योगेन्द्रनगर के ग्रामीणों ने बताया है कि कान्हावाली बख्शीराम के जंगल में कृषि भूमि जलमग्न हो गई है। मुख्य मार्ग पर पानी में डूब गया है। शुकतीर्थ में गंगा का जल स्तर बढ़ जाने से स्नान घाट जलमग्न हो गए हैं। श्रद्धालुओं को गहरे पानी में स्नान न करने की सलाह दी जा रही हैं।
अधिकारियों से बाढ़ की जानकारी लेते जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल। संवाद
अधिकारियों से बाढ़ की जानकारी लेते जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल। संवाद