गांव वजीराबाद में सहफसली खेती में गन्ने के बीच चने की फसल को दिखाते किसान।
- फोटो : KHATAULI
मोरना। गन्ना बेल्ट में किसानों ने अब बहुफसली खेती को अपनाना शुरू कर दिया है।
गांव वजीराबाद में किसान सुमित कुमार पिछले पांच सालों से ट्रैंच विधि से शीतकालीन गन्ने की बुवाई करते चले आ रहे हैं। अबकी बार उन्होंने 20 बीघा खेत में गन्ने के बीच चने की फसल की बुवाई की। सुमित ने बताया कि पांच सालों से प्रत्येक बीघा के हिसाब से एक क्विंटल चने की पैदावार होती है। वहीं गन्ने की फसल में चने की जड़े जमीन को उपजाऊ कर, फसल में अधिक पैदावार करने में सहायक होने से गन्ना स्वस्थ होने के साथ कटाई तक उसका अगोला भी हरा रहता है। किसान मोनू भी गन्ने के बीच दहलनी फसल, सब्जी आदि का उगाने में लगे हुए हैं। ज्ञानेंद्र, बालेंद्र ने ट्रैंच विधि से गन्ने की बुवाई कर उसमें चुकंदर की फसल को पैदा कर उसकी मिठास बढ़ा दी है। अंकुर, अप्रित ने बताया कि चुकंदर की फसल के साथ हरे चारे की फसल बो रखी है। जिससे उन्हें काफी फायदा हो रहा है।
गांव वजीराबाद में सहफसली खेती में गन्ने के बीच चुकंदर की नराई गुडाई करता किसान।- फोटो : KHATAULI