- दोनों छपार के खाद व्यापारी राजीव त्यागी की हत्या के मामले में हैं आरोपी
- वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए 18 अप्रैल को दोनों की कराई जाएगी पेशी
अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। छपार के खाद व्यापारी राजीव त्यागी की हत्या के मामले में आरोपी कुख्यात अनिल दुजाना और जोगेंद्र जुगाला को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में हाजिर कराने के प्रार्थना पत्र को अपर सत्र न्यायालय कोर्ट संख्या सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह ने खारिज कर दिया है। दुजाना अयोध्या और जुगला गौतमबुद्ध नगर की जेल में बंद है। अभियोजन पक्ष ने निकाय चुनाव के मद्देनजर सुरक्षा कारणों का हवाला दिया था।
खाद व्यापारी राजीव त्यागी अपने भाई संजीव त्यागी की हत्या के मामले में गवाह थे। साल 2013 में राजीव की भी हत्या कर दी गई थी। वारदात में अनिल दुजाना और जोगेंद्र जुगाला सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज है।
सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी परविंद्र सिंह ने बताया कि बुधवार को बचाव पक्ष के अधिवक्ता के माध्यम से अनिल दुजाना और जोगेंद्र जुगाला ने अदालत में प्रार्थना पत्र दाखिल करते हुए कहा कि उन्हें व्यक्तिगत रूप से अदालत में हाजिर किया जाएं। अभियोजन पक्ष ने पुलिस अधीक्षक नगर की आख्या के माध्यम से अदालत में बताया कि आरोपियों की पेशी के लिए एक सीओ, दो निरीक्षक, चार उपनिरीक्षक, आठ मुख्य आरक्षी, बीस आरक्षी और छह महिला आरक्षी की आवश्यकता है। निकाय चुनाव की नामांकन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।
अदालत ने दोनों पक्षों की सुनवाई की। अभियुक्तों की पेशी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से ही कराए जाने के आदेश दिए हैं। अगली सुनवाई 18 अप्रैल को होगी।