मुजफ्फरनगर। जानसठ क्षेत्र के गांव मुझेड़ा निवासी इमरानी और इरफानी की 350 वर्ग गज भूमि पानीपत-खटीमा राष्ट्रीय राजमार्ग 709 एडी में अधिग्रहित की गई थी। दोनों की जमीन पर दुकानें थीं। आरोप है कि नियमानुसार उनकी पूरी मुआवजा धनराशि नहीं दी गई। मंगलवार को इमरानी कलक्ट्रेट पहुंची और अफसरों पर उत्पीड़न, धमकी देने और अन्य गंभीर आरोप लगाते हुए केन्द्रीय गृह सचिव से इच्छा मृत्यु की अनुमति मांगी। आरोप है कि जानबूझकर उसकी भूमि के मुआवजे का भुगतान कम कर दिया गया। उस पर अपनी मांगों को वापस लेने के लिए दबाव डाला गया। शिकायती पत्र की एक प्रति सुप्रीम कोर्ट भी भेजी है।