रतनपुरी/खतौली। गरीबी से तंग और बीमारी का इलाज नहीं होने से एक बेबस महिला ने जहर खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। सूचना मिलनेे पर पुलिस ने ग्रामीणों से घटना की जानकारी ली। परिजनों ने बिना किसी कार्रवाई के शव को दफना दिया।
रतनपुरी क्षेत्र के गांव फुलत निवासी शमशुद्दीन का परिवार बेहद गरीब है। शमशुद्दीन मेहनत मजदूरी करके अपने बच्चों भरण पोषण रहा है। शमशुद्दीन का निकाह पांच वर्ष पूर्व गांव के रहने वाले सईद की पुत्री 35 वर्षीय मुन्नी के साथ हुआ । मुन्नी के दो बच्चे हैं।
मुन्नी पिछले काफी दिनों से बीमार थी। शमशुद्दीन बीमार पत्नी मुन्नी का इलाज करा रहा था। पैसों की कमी के चलते शमशुद्दीन बडे़ चिकित्सक के यहां इलाज नहीं करा सका, इसलिए उसकी हालत बिगड़ती चली गई।
बीमार मुन्नी भी अपने पति द्वारा इलाज कराने के पैसे न जुुटाने को भली भांति समझने लगी थी। इसी गम में पति भी बीमार रहने लगा था।
इसलिए गरीबी के चलते मुन्नी ने शुक्रवार की शाम सात बजे जहर का सेवन कर लिया। हालत बिगड़ने पर परिजनों ने खतौली में एक चिकित्सक के यहां उसे भर्ती कराया। वहां के चिकित्सक ने उसे बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया।
वहां शनिवार सुबह करीब चार बजे महिला ने दम तोड़ दिया। महिला की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है। मृतका के दोनों बच्चों का भी रो-रोकर बुरा हाल है।