मंसूरपुर रेलवे स्टेशन के पास सोमवार की सुबह विद्युत लाइन के खंभे से युवक का शव लटका मिला। शव को देखकर क्षेत्र में सनसनी फैल गई। उसकी जेब से मिले कागजातों व मोबाइल से पहचान हो सकी। पुलिस की सूचना पर उसके परिजन और रिश्तेदार भी आ गए थे।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजन पोस्टमार्टम कराकर शव को बिना किसी कार्रवाई के गांव ले गए। पुलिस इसे आत्महत्या मान रही है।
जिला बागपत के गांव मुकंदपुर निवासी रोहित (22) पुत्र सहदेव देहरादून में किसी प्राइवेट कंपनी में जॉब करता था। पुलिस के मुताबिक शनिवार को रोहित अपने गांव से मेरठ अपनी रिश्तेदारी में गया था। रविवार की शाम को पौने तीन बजे रोहित मेरठ से रोडवेज बस में रुड़की जाने के लिए बैठा था।
सोमवार की सुबह मंसूरपुर रेलवे स्टेशन के पास करीब 500 मीटर की दूरी पर रेलवे विद्युत लाइन के खंभे में रोहित का शव रस्सी से लटका हुआ मिला। शव को देखकर लोगों में सनसनी फैल गई। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को नीचे उतारा। पुलिस ने शव की तलाशी ली तो जेब से मोबाइल, मेरठ से रुड़की तक रोडवेज बस का टिकट व कुछ कागजात मिले। मोबाइल और कागजों के आधार पर शव की पहचान हो सकी।
रोहित की मौसी मंसूरपुर क्षेत्र के गांव दूधाहेड़ी में रहती है। पुलिस द्वारा खबर देने पर उसके गांव दूधाहेड़ी निवासी मौसा राजबीर व परिजन भी रेलवे स्टेशन पर पहुंच गए। इस बीच सीओ जोगेंद्र लाल रेलवे स्टेशन पर पहुंचे। सीओ ने मृतक के मौसा व परिजनों से पूछताछ की।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस का मानना है कि रोहित ने रात में रस्सी गले में बांधकर आत्महत्या की है, जबकि परिजन आत्महत्या व हत्या करने के बारे में कुछ बताने को तैयार नहीं है। परिजन भी पोस्टमार्टम कराने के बाद शव को बिना कार्रवाई के मात्र लिखापढ़ी करके अपने साथ गांव में ले गए। परिजनों ने गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार कर दिया है।