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सुशील मूंछ के बेटे ने सुपारी देकर कराई थी फाइनेंसर नीरज की हत्या

Wed, 09 Jan 2019 11:39 PM IST
Deepak Kausik अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
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फाइनेंसर की हत्या का खुलासा करने वाला बदमाश। - फोटो : अमर उजाला
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खतौली के फाइनेंसर नीरज चौहान की हत्या कुख्यात सुशील मूंछ के बेटे ने सुपारी देकर कराई थी। पुलिस ने मुठभेड़ में शूटर को गिरफ्तार कर वारदात का खुलासा कर दिया। हत्याकांड में शामिल दूसरा शूटर कुछ समय पूर्व कोर्ट में आत्मसमर्पण कर जेल चला गया है। सनसनीखेज वारदात को 25 लाख नकद और करोड़ों के पुराने निवेश को हड़पने के इरादे से अंजाम दिया गया था।
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पुलिस लाइन स्थित सभागार में प्रेसवार्ता करते हुए एसएसपी सुधीर कुमार सिंह व एसपी सिटी ओमवीर सिंह ने बताया कि नौ दिसंबर की शाम करीब 7.30 बजे खतौली के गणेशपुरी निवासी फाइनेंसर नीरज चौहान की उसी के आवास के बाहर गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई थी। उक्त हत्याकांड की रिपोर्ट अज्ञात में दर्ज कराई गई थी।

एसएसपी ने बताया कि खतौली कोतवाली प्रभारी इंस्पेक्टर सर्वेश कुमार ने बुधवार सुबह करीब सवा आठ बजे भैंसी कट पर चेकिंग करते हुए बाइक सवार दो युवकों को रोकने का प्रयास किया, जिस पर वे खतौली में घुसकर गंगनहर पटरी मार्ग से होकर सठेड़ी पुल की तरफ भागने लगे। पुलिस ने पीछा करते हुए बाइक सवारों को मुसद्दी के बाग की पुलिया के पास घेर लिया। एसएसपी ने बताया कि खुद को घिरे देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी, जिनमें से एक गोली पुलिस जीप के चालक अनिल कुमार को लगी। इस पर पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। इस पर पुलिस की गोली से बाइक सवार एक बदमाश घायल हो गया, जबकि दूसरा फरार होने में कामयाब रहा।
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घायल बदमाश की पहचान मेरठ के कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र के सैनिक विहार निवासी 25 हजार के इनामी शूटर अजय उर्फ लाढे के रूप में हुई, जिसके कब्जे से बाइक व पिस्टल-कारतूस बरामद किए गए। उसका साथी किदवईनगर निवासी साकिब पुत्र यासीन मलिक फरार हो गया। एसएसपी ने बताया कि पूछताछ में अजय उर्फ लाढे ने नीरज चौहान की हत्या का खुलासा करते हुए बताया कि फाइनेंसर की हत्या कुख्यात सुशील मूंछ के बेटे अक्षयजीत उर्फ मोनी के इशारे पर की गई थी।

हत्या की सुपारी लेने के बाद अजय अपने साथी परवेज उर्फ मल्लू निवासी किदवईनगर के साथ गणेशपुरी पहुंचा। वहां अक्षयजीत सहरावत उर्फ मोनी ने नीरज चौहान को आवाज देकर घर से बाहर बुलाया, जिसके बाद अजय और परवेज ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर उसकी हत्या कर दी और फरार हो गए। एसएसपी के अनुसार हत्या की साजिश सुुशील मूंछ के बेटे ने साथी रोहित उर्फ सेठी निवासी अशोका मार्केट खतौली के साथ मिलकर बनाई थी। मुठभेड़ में घायल बदमाश के साथ ही सिपाही अनिल को भी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है।       

सुपारी लेकर कई हत्याएं कर चुका है अजय       
मुजफ्फरनगर। फाइनेंसर नीरज चौहान की हत्या करने वाला पुलिस की गोली से घायल शॉर्प शूटर अजय कांट्रेक्ट किलर है, जो इससे पहले भी कई हत्याएं सुपारी लेकर कर चुका है। एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि अजय ने शहर में भी एक हाई प्रोफाइल मर्डर किया हुआ है, जिसके संबंध में पुलिस उससे पूछताछ करने में जुटी है। यही नहीं, मुठभेड़ में जो पिस्टल पुलिस ने उसके पास से बरामद की है, उसी से शॉर्प शूटर ने फाइनेंसर की हत्या की थी।

हत्यारोपियों को मिले फांसी की सजा
खतौली। मृतफाइनेंसर नीरज चौहान की मां प्रकाशी ने कहा कि मेरे पुत्र के हत्यारोपी को पैर में गोली नहीं मारनी चाहिए थी, पुलिस को उसके सीने में गोली मारनी चाहिए थी। अगर पुलिस सीने में गोली मारती तो, मुझे सूकुन मिल जाता। पीड़ित मां का कहना है मेरे पुत्र की हत्या में जितने भी आरोपी शामिल हैं। उनको फांसी की सजा मिलनी चाहिए।       

रोहित ने फाइनेंसर को कंधा भी दिया      
फाइनेंसर नीरज चौहान के शव को आरोपी रोहित ने कंधा भी दिया था। इस दौरान मोनी शव घर पहुंचने पर पुलिस व परिजनों की गतिविधियों पर नजर रखे हुए था। मोनी ने अपने दोस्त नीरज चौहान के शव को कंधा नहीं दिया था। पुलिस के मुताबिक शव के अंतिम संस्कार के बाद मोनी परिजनों से संपर्क में रहा। पुलिस का कहना है कि परिजनों से संपर्क में रहते हुए उसने अहसास नहीं होने दिया कि हत्याकांड कराने में वह शामिल है।     

सुशील के बेटे से कारोबारी रिश्ते ने ले ली जान
कुख्यात सुशील मूंछ के बेटे के साथ कारोबारी रिश्ता रखना फाइनेंसर नीरज चौहान की जान का दुश्मन बन गया। कुख्यात के बेटे ने फाइनेंसर द्वारा खुद पर विश्वास कर लगाए गए करोड़ों रुपये हड़पने के लिए ही शूटरों से उसकी हत्या करा दी। पुलिस की मानें तो फाइनेंसर के करोड़ों रुपये हड़पने के लिए ही उसकी हत्या की गई।       

खतौली के मोहल्ला गणेशपुरी निवासी नीरज चौहान फाइनेंस का काम करता था। इसी कारोबार के चलते उसकी पहचान रतनपुरी क्षेत्र के गांव मथेड़ी निवासी माफिया सरगना सुशील मूंछ के बेटे अक्षयजीत सहरावत उर्फ मोनी से हुई तो वह फाइनेंशियल कवर के लिए उसका साथ ले बैठा। धीरे-धीरे कर अक्षयजीत व नीरज चौहान के बीच का संबंध ऐसा मजबूत हुआ कि फाइनेंसर ने महज अक्षयजीत के कहे अनुसार करोड़ों रुपयों का निवेश प्रापर्टी के साथ ही अन्य व्यवसाय में कर दिया।

एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि इनके अलावा, फाइनेंसर नीरज चौहान के अक्षयजीत सहरावत उर्फ मोनी व खतौली के ही रोहित उर्फ सेठी पर करीब 25 लाख रुपये बतौर उधार भी थे। कुछ समय पूर्व नीरज चौहान ने रुपयों का तकादा किया तो अक्षयजीत उर्फ मोनी ने उसकी हत्या की साजिश रच डाली। फाइनेंसर की हत्या के लिए कंकरखेड़ा के शूटर अजय व किदवईनगर निवासी परवेज उर्फ मल्लू को चुना गया।

रकम न डूबे इसलिए पकड़ा था मोनी का हाथ      
मुजफ्फरनगर। खतौली के गणेशपुरी निवासी नीरज चौहान बड़े स्तर पर रकम फाइनेंस करता था। उसकी रकम कई बार डूब भी जाती थी, जिसे डूबने से बचाने के लिए उसकी रिकवरी की खातिर ही उसने सुशील मूंछ के बेटे अक्षयजीत उर्फ मोनी का हाथ पकड़ा था। हालांकि करोड़ों रुपये हड़पने के लिए जिसे फाइनेंसर ने अपनी ढाल बनाया था, उसी ने उसकी जान ले ली।      

शेरे-पंजाब होटल में रची गई हत्या की साजिश
खतौली। सीओ डॉ राजीव कुमार सिंह ने बताया कि फाइनेंसर नीरज चौहान की हत्या कराने की साजिश अशोका मार्केट में स्थित शेरे-पंजाब होटल में रची गई थी। होटल का मालिक रोहित उर्फ सेठी भी फाइनेंसर की हत्या में शामिल है। होटल में ही माफिया सरगना सुशील मूंछ के बेटे मोनी उर्फ अक्षयजीत, परवेज उर्फ मल्लू, साकिब और रोहित उर्फ सेठी ने फाइनेंसर की हत्या कराने की पूरी पटकथा तैयार की थी।

पांच लाख रुपये में दी थी हत्या की सुपारी
खतौली। फाइनेंसर नीरज चौहान की हत्या कराने के लिए उसके दोस्तों ने ही मेरठ के कंकरखेड़ा निवासी कांट्रेक्ट किलर अजय को पांच लाख रुपये में हत्या की सुपारी दी थी। मुठभेड़ में गिरफ्तार किए गए अजय ने पूछताछ में पांच लाख रुपये की सुपारी लेने की बात स्वीकार भी की है।

फाइनेंसर के परिजनों को देते रहे दिलासा
खतौली। फाइनेंसर नीरज चौहान की हत्या कराने के बाद मोनी व रोहित पीड़ित परिजनों से मिलकर लगातार उन्हें सांत्वना देते रहे, ताकि पुलिस और परिजनों को हत्या के राज की भनक न लग सके। हालांकि उनका यह पैंतरा पुलिस के सामने फेल हो गया, क्योंकि जांच में उक्त दोनों पर पुलिस को शक हो गया था और उसी ने उनकी पोल खोलकर रख दी।    
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