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दहशत में दुकानों के शटर धड़ाधड़ गिरे  

Thu, 06 Apr 2017 12:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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हत्या के विरोध में जैन समाज के महोत्सव कार्यक्रम के लिए बनाए गए पंडाल के सामने कूडा डालती भीड़। - फोटो : amar ujala
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मुजफ्फरनगर के खतौली में भाजपा नेता राजा की हत्या के बाद देवीदास मोहल्ले से लेकर होली चौक तक तुरंत बाजार बंद होता चला गया। धड़ाधड़ दुकानों के शटर गिरते चले गए। भारी पुलिस बल देख लोग सहम गए। घंटों तक लोग अपने घरों में ही दुबके रहे। हालात सामान्य होने के बाद घटनास्थल के आसपास का बाजार देर से ही खुल पाया।   कस्बे में भाजपा नेता राजा की हत्या के बाद उमड़ी भीड़ ने हंगामा काटना शुुरू कर दिया और आसपास की दुकानों को निशाने पर ले लिया। एक दुकान का शीशा टूटते ही अन्य दुकानों के शटर धड़ाधड़ गिरते चले गए। मृतक के घर देवीदास मोहल्ले से होली चौक स्थित दुकान तक का अधिकतर एरिया मिश्रित आबादी का क्षेत्र है। दुकान और घर के बीच पुलिस और परिजनों की दौड़-धूप देख और चेयरमैन पर हमला होने के बाद हुए हंगामे के बाद तो लोग घरों में दुबक गए। भारी पुलिस बल के क्षेत्र में घूमने से दोनों समुदाय के लोगों ने घरों में ही रहने में भलाई समझी। घटनास्थल के आसपास घंटों सिर्फ फोर्स ही नजर आता रहा। इस दौरान अफसर अधीनस्थों को जरूरी दिशा निर्देश देते नजर आ रहे थे। 
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  हत्या के तीन घंटे बाद शव के उठने के बाद ही बाजार खुलना शुरू हुआ और हालात कुछ सामान्य हुए। बातचीत करने या पूछने पर लोग कुछ भी बताने को तैयार नहीं थे। मृतक के पक्ष में भीड़ जुटी तो चेयरमैन पक्ष के लोग कोतवाली में जुट गए। उधर, रथयात्रा निकलवाने की बात को लेकर जैन समाज के लोग डीएम से मिले। खराब माहौल में रथयात्रा निकालने की बात पत चलने पर प्रशासन के माथे पर चिंता की लकीरें खींच गई। बाद में भारी सुरक्षा के बीच रथयात्रा को निकलवाया गया।             
  काफी संपन्न है परिवार
मुजफ्फरनगर। राजा वाल्मीकि का परिवार काफी संपन्न है। राजा खुद कारोबारी था, बाकी तीन अन्य भाइयों में राणा प्रताप नगर पालिका में, आकाश दिल्ली मेें पढ़ाई के साथ प्राईवेट जॉब करता है। एक अन्य भाई राजू नोएडा में बैंक में नौकरी करता है। राजा के बच्चों में एक  बेटा और एक बेटी है। मौत के बाद उसकी पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल था और परिवार में कोहराम मचा हुआ था। रिश्तेदार परिजनों को ढांढस बंधा रहे थे।             
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