मंसूरपुर(मुजफ्फरनगर)। बाइक सवार दो बदमाशों ने दस लाख रुपये की रंगदारी नहीं देने पर बुधवार दिनदहाड़े दुकान में घुसकर सर्राफ के बेटे पर गोलियां बरसा दीं। जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इसके बाद बदमाश बाइक से भाग निकले। आसपास के लोग उनके पीछे लग गए।
रेलवे फाटक बंद देख बदमाश बाइक छोड़कर वहां से गुजर रही पैसेंजर ट्रेन में चढ़ गए। पीछा करते हुए कुछ लोग भी ट्रेन में चढ़ गए और चेन पुलिंग कर ट्रेन रोक दी। ट्रेन के धीमी होते ही बदमाश कूदकर ईख के खेत में घुस गए। सूचना पर एसपी सिटी और एसपी क्राइम मौके पर पहुंचे और पीएसी के साथ जंगल को घेर लिया। ड्रोन कैमरे से खेतों में बदमाशों की तलाश की गई, लेकिन उनका पता नहीं चला। उधर, घायल युवक को मेरठ रेफर किया गया है।
लापरवाही पर एसएसपी ने थानेदार और हलका इंचार्ज को सस्पेंड कर दिया है। मंसूरपुर मिल कॉलोनी निवासी सर्राफ दिनेश राणा से 20 दिन पूर्व बदमाशों ने मोबाइल फोन पर दस लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी और नहीं देने पर गोली मारने की धमकी दी थी। इस पर व्यापारियों ने थाने का घेराव किया था। पुलिस ने सर्राफ की ओर से अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रंगदारी मांगने का मुकदमा दर्ज कर लिया था।
बुधवार सुबह 11 बजे सर्राफ का 26 साल का बेटा चितरंजन दुकान पर था। इसी दौरान बाइक पर दो बदमाश आए और थोड़ी दूरी पर बाइक रोक दी। बाइक से एक बदमाश उतरकर दुकान में पहुंचा और चितरंजन पर गोली बरसा दी। एक गोली उसके हाथ से पार होते हुए पेट में जा घुसी। वह वहीं गिर पड़ा। गोली चलने से बाजार में अफरा-तफरी मच गई। दोनों बदमाश बाइक पर बैठकर रेलवे फाटक की ओर भाग निकले। इस बीच बाजार में मौजूद लोग भी बदमाशों को पकड़ने के लिए पीछे दौड़ पड़े। रेलवे फाटक बंद होने पर बदमाशों ने अपनी बाइक वहीं पर छोड़ दी और वहां से गुजर रही अंबाला से दिल्ली जाने वाली पैसेंजर ट्रेन में चढ़ गए। पीछा कर रहे कुछ लोग भी ट्रेन के पिछले डिब्बे में चढ़ गए और चेन खींच दिया।
ट्रेन के धीमी होते ही बदमाश कूद कर गांव सोंटा मार्ग पर दूधाहेड़ी के ईख के खेत में घुस गए। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने बदमाशों को जंगल में तलाश करना शुरू कर दिया। एसपी सिटी संतोष मिश्रा और एसपी क्राइम राकेश कुमार जौली भी दलबल के साथ पहुंच गए। पुलिस अधिकारियों ने मंसूरपुर, खतौली, सिखेड़ा पुलिस के साथ ही पीएसी को भी बुला लिया। आसपास के ग्रामीण भी एकत्र हो गए। सभी ने जंगल को चारों ओर से घेर लिया। पुलिस अधिकारियों ने ड्रोन कैमरे के जरिए खेतों में बदमाशों की तलाश की।
घंटों की कांबिंग के बाद भी बदमाश पुलिस के हत्थे नहीं चढ़े। परिजनों ने घायल चितरंजन को बेगराजपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया, जहां पर चिकित्सकों ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। बाद में गंभीर हालत देखते हुए उसे मेरठ के आनंद हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने बदमाशों की काले रंग की पल्सर बाइक को कब्जे में ले लिया है। पीड़ित परिवार के मेरठ में होने की वजह से देर शाम तक थाने में लिखा-पढ़ी नहीं हो पाई थी। शाम को एसएसपी केबी सिंह मंसूरपुर थाने पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी ली। एसएसपी ने थानेदार आनंद मिश्रा और हलका इंचार्ज जितेंद्र शर्मा को सस्पेंड कर दिया। पीड़ित परिवार को सुरक्षा मुहैय्या कराई गई है।