दौलतपुर के ग्रामीणों ने एसएसपी कार्यालय पर एक घंटे तक धरना दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया की मारपीट के एक मामले में मंसूरपुर पुलिस आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर रही हैं। एसएसपी के नहीं मिलने पर अधिकारियों द्वारा दिए गए आश्वासन पर ग्रामीण धरने से लौट गए।
दौलतपुर के दर्जनों ग्रामीण बृहस्पतिवार सुबह ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर पुलिस ऑफिस पहुंचे। कप्तान और एसपी सिटी के नहीं मिलने पर ग्रामीण परिसर में ही धरना देकर बैठ गए। धरना देने के दौरान पीड़ित श्यामपाल सिंह ने बताया कि मंगलवार को उसका भाई मेनपाल खेत में ट्यूबवेल की मरम्मत करा रहा था।
इसी दौरान जौहरा के नामजद आरोपी कार में सवार होकर खेत में आए और सीमेंट आदि को हटाने को लेकर मेनपाल से कहासुनी करने लगे। उस समय तो आरोपी वहां से चले गए, लेकिन कुछ देर बाद धारदार हथियारों के साथ वापस आए और मेनपाल पर लाठी-डंडों से हमला बोल दिया जान से मारने की नीयत से उसके ऊपर आरोपियों ने फायर भी किया।
शोर सुनकर ग्रामीणों के आ जाने पर आरोपी मौके से भाग गए। घायल को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया, लेकिन गंभीर हालत के चलते उसे मेरठ के लिए रेफर कर दिया गया। आरोप लगाया की मामला 307 का बनता है, लेकिन मंसूरपुर एसओ ने जानबूझकर मामूली धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद छोड़ दिया।
घटनास्थल मंसूरपुर थाने का होने के कारण वही घटना की तहरीर दी गई थी। धरने पर पहुंचे एसपी क्राइम प्रदीप गुप्ता ने ग्रामीणों को मामले में उचित कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया है। धरने पर बैठने वालों में भूपेंद्र राठी, धमेंद्र्र तोमर, पंकज राठी, प्रमोद बहादर पुर, रमेश सिंह, ओमपाल, राजेश्वर आर्य आदि मौजूद रहे।