शहर कोतवाली के बाहर मंगलवार की रात हुए बवाल में घायल हुए युवक मोबिन के भाई ने सात नामजद और पांच अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। एक आरोपी ने एसएसपी से मिलकर खुद को बेकसूर बताते हुए अपना नाम निकाले जाने की गुहार लगाई है। कप्तान ने जांच के बाद उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है। आरोपी ने भी शहर कोतवाली में तहरीर दी है।
दक्षिणी खालापार निवासी हाजी नईम ने पुलिस को बताया कि मंगलवार रात करीब डेढ़ बजे उसका भाई मोबिन अपने साथी सोनू के साथ बाइक से कहीं जा रहा था। शहर कोतवाली के सामने दर्जनों लोगों की भीड़ खड़ी थी। मोबिन को देख भीड़ में से नामजद आरोपियों ने धारदार हथियार और लाठी-डंडों से मोबिन और सोनू पर हमला बोल दिया।
मोबिन से बीस हजार की नगदी और सोने की चेन लूटकर उसे पीट-पीटकर घायल कर दिया। किसी तरह से मौके से सोनू ने भागकर पुलिस को सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मोबिन को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया, जहां से गंभीर हालते के चलते उसे मेरठ के लिए रेफर कर दिया। पीड़ित ने पुलिस से सोनू का मेडिकल कराने की मांग की है।
हाजी नईम की तहरीर पर पुलिस ने बिलासपुर निवासी काला, सलीम, अलताफ, राशिद और दक्षिणी खालापार निवासी आफताब, सुल्तान और हाजी शेर तथा पांच अज्ञात के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली है। उधर, नामजद आरोपी हाजी शेर अपने दर्जनभर साथियों के साथ पुलिस आफिस पहुंचा और एसएसपी दीपक कुमार को बताया कि उसकी नामजदगी झूठी है। हाजी शेर ने कप्तान से अपना नाम निकाले जाने की गुहार लगाई। एसएसपी ने जांच के बाद उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
हाजी शेर ने भी दी कोतवाली में तहरीर
मोबिन की पिटाई में नामजद किए गए हाजी शेर ने कोतवाली में तहरीर देकर बताया कि बृहस्पतिवार सुबह करीब साढे़ नौ बजे वह अपने मकान के बाहर खड़ा था, तभी नामजद आरोपियों ने उसके घर पर हमला बोल दिया। पीड़ित ने अपने मकान के भीतर घुसकर जान बचाई। आरोपियों ने पीड़ित से दस लाख की रंगदारी मांगी है।