बुढ़ाना। खेत की सिंचाई करने गए पूर्व प्रधान पति की गोली मारकर हत्या कर दी गई। शव नाली में पड़ा मिला। वारदात की सूचना पर पहुंची पुलिस को शव उठाने के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ी। घटना से गुस्साए ग्रामीण हंगामा कर मौके पर एसएसपी व डीएम को बुलाने की मांग करते रहे।
बाद में एसपी देहात के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए। परिजनों ने दो लोगों के खिलाफ हत्या का नामजद मुकदमा दर्ज कराया है। हत्या का कारण रंजिश बताया है।
बुढ़ाना कोतवाली क्षेत्र के गांव बड़ौदा निवासी 58 वर्षीय जयप्रकाश रविवार सुबह करीब सात बजे खेत की सिंचाई करने बाइक से ट्यूबवेल पर गया था। वहीं पर उसकी गोली मारकर हत्या कर दी गई। खेत पर जाने के एक घंटे बाद जयप्रकाश के बेटे रवि ने पिता को घर बुलाने के लिए फोन किया।
फोन न उठने के कारण रवि खेत पर गया तो पिता को नाली में पड़ा देख सन्न रह गया। उसके पिता की मौत हो चुकी थी। जयप्रकाश की गर्दन में गोली लगी थी। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन तथा ग्रामीण घटनास्थल की ओर दौड़ पडे़। सूचना मिलते ही इंस्पेक्टर कमल सिंह यादव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
बाद में सीओ एसपी शर्मा तथा एसपी देहात आलोक प्रियदर्शी भी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने शव को परीक्षण हेतु भेजना चाहा तो ग्रामीणों ने जमकर विरोध किया और हंगामा करते हुए शव नहीं उठाने दिया। ग्रामीण एसएसपी और डीएम को मौके पर बुलाने की जिद पर अडे़ रहे।
ग्रामीणों ने मुकदमा दर्ज कर हत्यारों की गिरफ्तारी की मांग की। एसपी देहात को ग्रामीणों को समझाने में छह घंटे लगे। बाद में आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए तथा शव परीक्षण के लिए भेजा गया। मृतक के चचेरे भाई महेश प्रसाद ने दो ग्रामीणों के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
हत्या का कारण पुरानी रंजिश बताया गया है। परिजनों ने पुलिस को बताया कि जयप्रकाश की पत्नी के प्रधानी के कार्यकाल में गांव में पड़ी डकैती के एक मामले में गांव के ही दो ग्रामीण जेल गए थे। उस घटना की पैरवी जयप्रकाश कर रहे थे।
इसी कारण उनकी रंजिश चली आ रही है। ग्रामीणों ने बताया कि बीस दिन पहले ही आरोपी जेल से जमानत पर आए हैं। पुलिस ने घटना की नामजद रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इंसपेक्टर ने बताया कि हत्या का कारण रंजिश है। जल्दी ही हत्यारों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
डॉग स्क्वायड टीम ने भी जांच की
एसपी देहात के निर्देश पर जिला मुख्यालय से डॉग स्क्वायड टीम ने भी मौके पर पहुंचकर घटनास्थल की जांच की, मगर डॉग से भी कोई मदद नहीं मिल सकी।