भोपा में बेटे की हत्या के मुकदमे की पैरवी कर रहे पिता की भी हत्या कर दी गई। हत्या करने के बाद अधेड़ का शव जट मुझेड़ा के बंद पडे़ रजवाहे में फेंक दिया। एक वर्ष पूर्व गांव में ही चार लोगों ने उसके बेटे की हत्या कर दी थी। मृतक के भाई ने एक महिला समेत छह लोगों के खिलाफ अपहरण कर हत्या करने का मुकदमा दर्ज कराया है। गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
भोपा थाना क्षेत्र के गांव कादिपुर निवासी 52 वर्षीय महिपाल मुजफ्फरनगर मंडी में एक कारोबारी के यहां नौकरी करता था। शनिवार को वह घर से नौकरी पर गया था। रविवार सुबह उसकी लाश नई मंडी कोतवाली क्षेत्र में जट मुझेड़ा में भोपा मार्ग पर स्कूल के पास बंद पडे़ रजवाहे में पड़ी मिली।
सूचना पर पहुंची ने जांच पड़ताल की। उसकी गर्दन पर निशान पाए गए, जिससे अनुमान लगाया जा रहा है कि उसकी गला घोंट कर हत्या कर शव को यहां फेंका गया है। कादिपुर के लोगों ने शव की पहचान महिपाल के रूप में की। खबर मिलने पर परिजन भी मौके पर आ गए। एसपी देहात राकेश कुमार जौली ने भी मौका मुुआयना किया।
उन्होंने बताया कि गत वर्ष महिपाल के बेटे अनिल उर्फ पिंकू की गांव के चार लोगों ने हत्या कर दी थी, जिसमें महिपाल ने अपने ही गांव के राजीव, संजय पुत्रगण ओमपाल, ओमपाल पुत्र केहर सिंह, रोबिन पुत्र पवन के विरुद्ध हत्या का मुकदमा कायम कराया था।
राजीव, संजय अभी भी जेल में हैं, जबकि ओमपाल और रोबिन की जमानत हो चुकी है। प्रथम दृष्टया मामला इसी रंजिश से जुड़ा लग रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि महिपाल अपने बेटे की हत्या के मुकदमे की पैरवी कर रहा था और सोमवार को कोर्ट में उसकी गवाही होनी थी।
उधर, रविवार शाम को मृतक के भाई कंवरपाल ने भोपा थाने पर वारदात के संबंध में नामजद मुकदमा दर्ज कराया। उसने पुलिस को बताया कि शनिवार शाम छह बजे भोपा बिजलीघर के पास से रोबिन, शुभम, ओमपाल ने उसके भाई महिपाल का अपहरण करके उसकी हत्या कर दी।
संजय, राजीव, ज्योति पत्नी राजीव ने हत्या की यह योजाना बनाई थी। थाना प्रभारी पीपी सिंह ने बताया कि छह आरोपियों के खिलाफ अपहरण, हत्या और षड्यंत्र रचने का मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।