ककरौली पुलिस ने मोरना के ब्रजेश हत्याकांड का खुलासा कर दो हत्यारोपियों को गिरफ्तार किया है। जिनके कब्जे से मृतक का मोबाइल और हत्या में प्रयुक्त डंडे बरामद किए गए हैं। हत्यारोपियों ने जानवर पकड़ने के लिए खेत में लगे खटके नहीं मिलने से ब्रजेश की डंडों से पीटकर हत्या की थी।
एसपी देहात अजय सहदेव ने बताया कि 15 सिंतबर को मोरना के गांव भुवापुर के जंगल में ब्रजेश पुत्र जान सिंह खेत में लहुलूहान मिला था। वह खेत में पानी चलाने के लिए गया था। गंभीर हालत में परिजनों ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई थी।
ब्रजेश के पिता ने ककरौली थाने पर अज्ञात हत्यारों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस मामले की गहनता से जांच पड़ताल कर रविवार को हत्याकांड का खुलासा किया। एसपी देहात अजय सहदेव ने बताया कि बिजनौर के गांव मंडावर के मोहल्ला समला कालन निवासी अजय पुत्र हुसन सिंह और बंदी पुत्र नारम सिंह को गिरफ्तार किया गया।
दोनों ने पूछताछ में बताया कि वह खेतों में खटका लगाकर जानवर पकड़ते हैं। 14 सितंबर की शाम को मोरना में एक खेत में चार खटके लगाए थे। अलगे दिन खेत पर पहुंचे तो वहां खटके नहीं मिले। पास ही खेत में पानी चला रहे ब्रजेश से पूछा तो उसने कोई जवाब नहीं दिया।
इस पर शक होने के कारण उन्होंने डंडों से पीट-पीटकर ब्रजेश को मरणासन्न हालत में छोड़ दिया। जाते समय दोनों युवक ब्रजेश का मोबाइल भी लूट कर ले गए। दोनों युवकों ने खेत में खटका नहीं मिलने पर ब्रजेश की हत्या की है। दोनों के कब्जे से पुलिस ने मृतक का मोबाइल और हत्या में प्रयुक्त डंडे बरामद किए हैं। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों का चालान कर दिया।
मोबाइल की लोकेशन से पकड़े गए
मुजफ्फरनगर। बंदी और अजय मृतक ब्रजेश के मोबाइल की कॉल डिटेल और लोकेशन से पकड़ में आए। करीब एक माह तक मोबाइल बंद रखा, लेकिन हाल ही में मोबाइल को चलाया गया। जिसे पुलिस ने सर्विलांस पर लगा दिया। कई दिनों तक पुलिस मोबाइल की लोकेशन और कॉल डिटेल खंगालती रही।
रविवार को सटीक लोकेशन मिलते ही दोनों को गिरफ्तार किया गया। ब्रजेश के पिता ने हत्याकांड में स्कूली की रंजिश को आधार बताया था। जिसमें ब्रजेश के सहपाठी शिव पुत्र जयभगवान, उसके पिता जय भगवान निवासी करहेड़ा थाना भोपा तथा काला उर्फ विकास पुत्र राजकुमार निवासी बहादुरपुर पर हत्या किए जाने का आरोप लगाते हुए पुलिस को शिकायती पत्र दिया था।