दिल्ली-दून हाईवे पर ढाई माह पूर्व हुई चेन्नई के नवदंपति से लूट और हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एक बदमाश को गिरफ्तार किया गया है। बदमाशों ने लूट का विरोध करने पर दंपति पर फायर झोंके थे, जिनमें से एक गोली बाइक चला रहे आदित्य की गर्दन को चीरकर निकल गई थी। कई दिन बाद घायल आदित्य ने अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया था।
17 जून को तमिलनाडू के चेन्नई निवासी आदित्य पुत्र विश्वनाथ अपनी पत्नी विजयलक्ष्मी के साथ बाइक से हरिद्वार से दिल्ली लौट रहा था। दरअसल, कुछ दिन पहले ही दोनों की शादी हुई थी। शादी के बाद दोनों बाइक से पहाड़ों पर घूमने आए थे। लौटते समय दिल्ली-दून हाईवे पर नईमंडी थाने के बागोवाली पुलिस के निकट पहुंचने पर बाइक सवार बदमाशों ने दंपति को रोकने की कोशिश की और नहीं रुकने पर गोली मार दी।
गोली बाइक चला रहे आदित्य की गर्दन में लगी। गोली लगते ही दंपति सड़क पर गिर गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल को ईवान हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। बाद में गंभीर हालत में आदित्य को मेरठ रेफर कर दिया गया। 23 जून को आदित्य ने हॉस्पिटल में दम तोड़ दिया था।
सीओ नईमंडी मणिलाल पाटीदार ने बताया कि बृहस्पतिवार को मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने एटूजेड कॉलोनी रोड के निकट से अमजद पुत्र जिलेदीन हरसौली थाना शाहपुर को गिरफ्तार किया। अमजद के खिलाफ लूट और हत्या के 28 मामले दर्ज हैं। पूछताछ के दौरान अमजद ने हाईवे पर आदित्य की घटना का भी इकबाल किया है। अमजद ने बताया कि वारदात में उसके साथ तनबीर पुत्र फतेहद्दीन निवासी गांव मसाना थाना बुढ़ाना भी शामिल था।
वह अक्सर हाईवे पर लूट की वारदात करते थे। 17 जून को भी वह किसी शिकार की तलाश में थे। बाइक सवार दंपति के दिखते ही उन्होंने उनका पीछा करना शुरू कर दिया। बागोवाली गांव के पास उन्होंने दंपति को रुकने का इशारा किया, लेकिन वह नहीं रुके। अमजद ने गोली चलाई तो वह आदित्य की गर्दन में लग गई। दंपति के गिरते ही वह किसी के आने के डर से बिना लूटे ही फरार हो गए। फरार बदमाश की तलाश के लिए पुलिस टीमें भेजी गई हैं।
प्रेम प्रसंग पर थी पुलिस की नजर
मुजफ्फरनगर। हाईवे पर लूट की घटनाओं को अंजाम देने वाले लुटेरों ने एक नवदंपति की दुनिया को उजाड़ दिया। आदित्य और विजयलक्ष्मी ने अपनी पसंद से शादी की थी। बाद में घरवालों की रजामंदी मिल भी मिल गई थी। पुलिस अपनी जांच नवविवाहिता के इर्द-गिर्द फोकस किए हुए थी। मामले को प्रेम प्रसंग से जोड़कर देखा जा रहा था।
घटना में पेंच यह भी फंसा हुआ कि अगर बदमाशों ने लूट के लिए वारदात की तो उन्होंने कोई सामान क्यों नहीं लूटा। पुलिस के आला अफसर इसी वजह से लूट की संभावना को खारिज करते आ रहे थे। पुलिस की एक टीम ने चेन्नई जाकर भी विजयलक्ष्मी के बारे में जानकारी जुटाई, लेकिन कोई कामयाबी हाथ नहीं लगी। आदित्य की हत्या के बाद विजयलक्ष्मी भी अपने मायके लौट गई।
बेहद शातिर है बदमाश अमजद
मुजफ्फरनगर। पुलिस की गिरफ्त में आया बदमाश अजमद शातिर किस्म का है। बदमाश के खिलाफ मुजफ्फरनगर, खतौली, शाहपुर, दिल्ली, नोएडा, रुड़की, इंदिरापुरम, सिविल लाइन आदि थानों में 28 लूट और हत्या के मामले दर्ज हैं। कई माह से पुलिस इसकी तलाश में जुटी थी। कई थानों में आरोपी को गैंगस्टर में निरुद्ध किया जा चुका है। पुलिस की टीम को वह कई बार चकमा देकर फरार होने में बदमाश सफल रहा है।
गैंग बनाकर हाईवे पर करता है लूट
मुजफ्फरनगर। सीओ मणिलाल पाटीदार ने बताया कि बदमाश अमजद अपने साथियों के साथ हाईवे पर लूट को अंजाम देता था। अधिकांश लूट हाईवे और आबादी से दूर की है। अंतरराज्यीय स्तर का बदमाश अमजद कभी इंडिका, मारुति और बाइक पर सवार होकर हाइवे पर पहुंचता था। अपने साथियों की मदद से बाइक सवारों, वाहन को रोककर लूट को अंजाम देकर फरार हो जाते थे। खतौली थाना क्षेत्र में गैस के ट्रक को लूटने के बाद चालक की गोली मारकर हत्या की वारदात में अजमद और उसके गैंग का हाथ है।