छेड़छाड़ के फर्जी मुकदमे पर भड़की भाकियू
छपार। क्षेत्र के गांव निवासी दो युवकों के खिलाफ छेड़छाड़ की फर्जी एफआईआर दर्ज कराए जाने पर भाकियू ने नाराजगी जताई है। भाकियू ने थाना प्रभारी से मिलकर आंदोलन की चेतावनी दी है। आरोप लगाया कि गैंगरेप के डेढ़ साल पुराने मामले में फैसले का दबाव बनाने के लिए छेड़छाड़ की फर्जी रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
थाना क्षेत्र के गांव खामपुर निवासी अमीर आलम उर्फ लाला ने पांच दिन पूर्व दो युवकों के खिलाफ अपनी बेटी के साथ छेड़छाड़ व अश्लील हरकतें करने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को हिरासत में भी ले लिया था। बृहस्पतिवार को भाकियू कार्यकर्ताओं ने छपार थाने पहुंचकर इंस्पेक्टर सुभाष राठौर से मिलकर बताया कि छेड़छाड़ की एफआईआर जिन दो युवकों के खिलाफ दर्ज कराई गई है, उनमें से एक युवक की बहन के साथ करीब डेढ़ साल पूर्व तीन लोगों द्वारा गैंगरेप किया गया था। गैंगरेप की उस घटना में अमीर आलम उर्फ लाला भी आरोपी है। उक्त मामला सेशन कोर्ट सुपुर्द हो चुका है, जिसमें दस अगस्त को मुजरिम कोर्ट में पेश होने हैं। भाकियू कार्यकर्ताओं का कहना था कि गैंगरेप के इसी मामले में लड़की पक्ष पर फैसले का दबाव बनाने के लिए ही अमीर आलम द्वारा गैंगरेप पीड़िता के भाई पर अपनी बेटी के साथ छेड़छाड़ की फर्जी एफआईआर दर्ज कराई गई है। भाकियू कार्यकर्ताओं ने इंस्पेक्टर से उक्त फर्जी मुकदमे की निष्पक्ष जांच किए जाने की मांग करने के साथ ही इस मामले में किसी भी बेकसूर को जेल भेजने पर धरना-प्रदर्शन व आंदोलन की चेतावनी दी है। इस पर इंस्पेक्टर सुभाष राठौर ने छेड़छाड़ के मामले की पूरी तरह से निष्पक्ष जांच कराकर ही आरोपी बनाए गए युवकों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है।