मुजफ्फरनगर। प्रदेश सरकार ने अपराधों पर लगाम लगाने के लिए बंदियों और कैदियों को दूसरी जेल में शिफ्ट करने का निर्णय लिया है। शासन की ओर से मांगी गई सूची में जेल अफसरों ने 32 बंदियों की फेहरिस्त भेजी थी। शासन ने जेल अधीक्षक को 50 कैदियों को सूबे की दूसरी जेल में ट्रांसफर करने के आदेश किए हैं। जेल अफसर इन बंदियों को दूसरी जेलों में भेजने की तैयारियों में जुट गए हैं।
भाजपा सरकार ने जेलों में बंद शातिरों द्वारा भीतर से ही अपने गैंग संचालित करने वाले बदमाशों का नेटवर्क तोड़ने के लिए सूबे में बड़े स्तर पर अभियान चलाया है। इसके लिए सबसे पहले बंदियों और कैदियों को दूसरी जेलों में शिफ्ट करने के आदेश किए हैं। शासन के मांगे जाने पर जेल अधीक्षक ने 32 बंदियों की सूची शासन को भेजी थी, जिसमें से नौ बंदियों का दूसरी जेलों मे ट्रांसफर किया जा चुका है। शासन ने आगे कार्रवाई करते हुए जेल अफसरों को 50 कैदियों की सूची भेजकर इन्हें दूसरी जेलों में भेजने के आदेश किए हैं। जेल अफसरों के अनुसार जेल में करीब 2500 बंदी हैं, जिनमें से करीब 400 कैदी आजीवन कारावास की सजा काट रहे हैं। इन्हीं कैदियों में से 50 को दूसरी जेलों में भेजा जाएगा। अफसरों ने एसएसपी से बंदियों को दूसरी जेलों में शिफ्ट करने के लिए फोर्स की मांग की है। जेल अधीक्षक राकेश सिंह ने बताया कि सूचीबद्ध कैदियों और बंदियों को फोर्स मिलते ही यहां से चलता कर दिया जाएगा।
बंदी ने ले रखा है स्टे
मुजफ्फरनगर। जेल में बंद शातिर विक्की त्यागी की पत्नी मीनू त्यागी का एक वर्ष पूर्व देवरिया जेल भेजे जाने का आदेश शासन से आया था। रीढ़ की हड्डी में परेशानी के चलते मीनू ने कोर्ट से स्टे ले रखा है। हाईकोर्ट से मिले स्टे के खिलाफ शासन को सुप्रीम कोर्ट में अपील करनी पड़ेगी, उसके बाद ही मीनू को देवरिया जेल भेजा जा सकेगा। तीन दिन पूर्व ही उसने कोर्ट में अपील डाली थी कि उसे उपचार के लिए दिल्ली या चंडीगढ़ भेजा जाए।