विवाहिता की फांसी लगा कर हत्या
भौराकलां (मुजफ्फरनगर)। भौराकलां गांव में दहेज की मांग पूरी न होने पर ससुराल वालों ने विवाहिता की फांसी लगा कर हत्या कर दी। पुलिस ने मृतका के भाई की ओर से पति समेत चार आरोपियों के खिलाफ दहेज हत्या का नामजद मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपियों की तलाश जारी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
बागपत जिले के चांदीनगर थाना क्षेत्र के गांव ढिकौली निवासी सचिन पुत्र सत्यपाल सिंह ने भौराकलां थाने पर उक्त मुकदमा दर्ज कराया। रिपोर्ट के अनुसार उसकी बहन प्रमिता (32) की शादी पांच वर्ष पहले मार्च 2013 को भौराकलां निवासी इंद्रपाल के बेटे अरविंद के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसका उत्पीड़न करते थे। आरोप है कि इसी उत्पीड़ऩ के चलते बुधवार रात को ससुराल वालों ने प्रमिता की फांसी लगा कर हत्या कर दी। हत्या करने के बाद ससुराल वाले फरार हो गए। सुबह जब कोई मकान के बाहर नहीं निकला तो पड़ोसियों ने मकान में जाकर देखा। मकान की ऊपरी मंजिल के कमरे में फांसी पर प्रमिता का शव लटका था। ग्रामीणों ने मायके वालों को खबर दी। दोपहर को ढिकौली से मायके वाले आए। पुलिस को सूचना दी गई। सीओ फुगाना कालू सिंह ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। बुढ़ाना तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे। बाद में शव का पंचनामा भर कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मृतका के भाई सचिन ने पति अरविंद, सास राजेश, देवर अजीत और ननद गीता के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस जांच पड़ताल में लगी है।
तीन दिन बाद ननद गीता की होनी है शादी
भौराकलां। प्रमिता की हत्या में नामजद की गई ननद गीता का रिश्ता तय हो चुका है तथा शादी के लिए 29 अप्रैल की तारीख निर्धारित है। घर पर उसकी शादी की तमाम तैयारियां चल रही थी। प्रमिता की हत्या के बाद गीता और अन्य परिजन फरार है। मृतका के भाई ने बताया कि प्रमिता अपने डेढ साल के बेटे के साथ मायके में रह रही थी। ननद गीता की शादी में शामिल होने के लिए वह कुछ दिनों पहले ही भौराकलां आई थी। तीन दिन पहले भी ससुराल वालों ने उसके साथ मारपीट की थी, तब मायके वालों ने आकर उसे समझा बुझा कर ननद की शादी तक यहां रहने के लिए राजी किया था। दो दिन बाद ही उसकी हत्या कर दी गई।