मुजफ्फरनगर के खतौली के एक दर्जन से अधिक नकाबपोश बदमाशों ने बृहस्पतिवार रात पशु व्यापारी सहित चार अन्य कारोबारियों के मकानों पर धावा बोल दिया।
पांचों मकानों में घुसे बदमाशों ने बच्चों को गन प्वाइंट पर लेकर परिवारों को बंधक बना लिया और लाखों की नगदी के साथ सोने-चांदी के जेवरात समेत करीब 25 लाख का माल लूट ले गए।
मोहल्ला इस्लामनगर में बृहस्पतिवार रात करीब डेढ़ बजे एक दर्जन से अधिक नकाबपोश हथियारबंद बदमाश सबसे पहले बिजली जनरेटर कारोबारी तुफैल पुत्र शब्बीर के मकान पर सीढ़ी लगाकर ऊपर चढ़ गए।
दूसरी मंजिल पर तुफैल का किराएदार सलमान पुत्र सईदुदीन परिवार के साथ रहता है। सलमान कपड़ा बेचने का कारोबार करता है। बदमाशों ने उसके बच्चों को गन प्वाइंट पर लेकर परिवार को बंधक बना लिया।
सेफ में 60 हजार नगद और हजारों रुपयों के सोने व चांदी के जेवरात निकाल लिए। इसके बाद बदमाश सलमान को साथ लेकर छत से नीचे मकान में उतरे।
मकान में तुफैल नहीं था, बदमाशों ने तुफैल की पत्नी मोमीना, बच्चों शावेज, उजमा व जुनैदा को गन प्वाइंट पर लेकर एक कमरे में बंद कर दिया। मकान के अंदर रखी सेफ से दो लाख रुपये की नगदी, 10 तोले सोने व दो किलो चांदी के जेवरात निकाल लिए।
सामान लेकर बदमाश मेन गेट से बाहर निकले और एक बदमाश को तुफैल के मकान में ही छोड़ गए, ताकि वे शोर न मचा दे। इसके बाद बदमाश सीढ़ी लगाकर छत के रास्ते से कपड़े का करोबार करने वाले नूरमोहम्मद पुत्र शरीफ के मकान में घुस गए।
नूरमोहम्मद उसकी पत्नी शहनाज व बच्चों को बंधक बना लिया। मकान के अंदर से 50 हजार की नगदी और 30 हजार से अधिक के सोने व चांदी के जेवरात निकाल लिए। नूरमोहम्मद के मकान में भी एक बदमाश को निगरानी के लिए छोड़ दिया।
बदमाश इसके बाद पशु व्यापारी वकील पुत्र फैय्याज के मकान में भी उसी तरीके से अंदर घुसे। बदमाशों ने वकील उसके पिता फैय्याज पत्नी शमा व बहन रूबी को बंधक लूटपाट की।
वकील के मकान पर एक बदमाश को पहरा देने के लिए छोड़ दिया गया। आखिर में बदमाश नोजिल पिलेंजर का कारोबार करने वाले सलीम पुत्र शरीफ के मकान में भी उसी तरीके से अंदर दाखिल हुए।
मकान में सलीम उसकी पत्नी व बच्चों को गन प्वाइंट पर बंधक बनाया और लूटपाट की। करीब ढाई घंटे तक बदमाशों ने पांचों मकानों को पूरी तरह से खंगाला। बदमाश सुबह चार बजे माल लेकर जाने लगे तो कारोबारी तुफैल की नई बोलेरो कार लेकर कुछ बदमाश उसमें बैठकर फरार हो गए।
बदमाशों के जाने के बाद पीड़ित परिवारों ने शोर मचा दिया। सूचना पर सीओ शिवराज सिंह यादव व इंस्पेक्टर संजीव कुमार शर्मा पुलिस बल के साथ पहुंचे। सीओ ने डॉ स्क्वायड व फिंगर प्रिंट टीम को बुलवाकर जांच पड़ताल कराई।