मुजफ्फरनगर। नगरपालिका की बोर्ड बैठक में हुई अराजकता के मामले में भाजपा सभासदों के नेतृत्व में कोतवाली पहुंचकर सत्तार ने भी चेयरपर्सन के खिलाफ तहरीर दे दी है। तहरीर में चेयरपर्सन पर झूठे आरोप लगाने पर सभासद दो फाड़ हो गए। कई मुस्लिम सभासद बैठक से बीच से ही निकल लिए।
पालिका बोर्ड की 12 जून को हुई मीटिंग में अराजकता के बाद चेयरमैन और सभासदों के बीच चल रहे विवाद ने तूल पकड़ लिया है। इसे पूरे मामले को होर्डिंग के टेंडर से जोड़कर देखा जा रहा है। बृहस्पतिवार को कंपनी बाग में सभासदों की बैठक हुई। इस बैठक का नेतृत्व भाजपा सभासदों ने किया। इसमें ईओ विकास सैन की ओर से सभासद अब्दुल सत्तार के खिलाफ दी गई तहरीर पर चर्चा हुई। खास बात यह है कि सभासदों ने ईओ को छोड़ चेयरपर्सन को निशाना बनाया। इस दौरान चेयरपर्सन के खिलाफ लिखी गई तहरीर में यह शामिल किया गया कि मुस्लिम वार्डों में काम नहीं होने से सभासद नाराज थे। सत्तार ने बैठक में यह कहा कि जिस तरह जनता हमारे कपड़े फाड़ रही है, ऐसे ही हम तुम्हारे कपड़े फाड़ देंगे। तहरीर लिखते वक्त कई मुस्लिम सभासदों ने यह कहते हुए विरोध किया कि मान सम्मान में हम साथ, लेकिन चेयरपर्सन पर झूठे आरोप मत लगाओ। इस पर ये सभासद बैठक से उठकर चले गए। इसके बाद शहर कोतवाली पहुंचकर चेयरमैन के खिलाफ तहरीर दी गई। तहरीर देने वालों में सभासद अब्दुल सत्तार, भाजपा सभासद प्रमी छाबड़ा, नवनीत कुच्छल, नरेश मित्तल, विपुल भटनागर, रानी सक्सेना, मनोज कुमार, पिंकी वाल्मीकि के साथ राजीव शर्मा, अरविंद धनगर, सलेक चंद, प्रवीण पीटर, अमित कुमार, कुसुमलता, हनी पाल, गय्यूर अहमद, आबिद अली आदि मौजूद रहे।