हिंसा के आरोपी विकास मेडियन का कोर्ट में सरेंडर
मुजफ्फरनगर। दलित आंदोलन के दौरान हुई हिंसा के एक आरोपी विकास मेडियन ने पुलिस को चकमा देकर कोर्ट में सरेंडर कर दिया। कोर्ट ने उसकी जमानत अर्जी खारिज करते हुए उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
दो अप्रैल को दलित आंदोलन के दौरान हुई हिंसा, उपद्रव के मामले में नई मंडी कोतवाली पर मुकदमा दर्ज कराया गया था। नई मंडी इंस्पेक्टर ने हरशरण शर्मा ने शहीद उधम सिंह सेना के जिलाध्यक्ष विकास मेडियन पुत्र राकेश मेडियन, अलमासपुर निवासी उपकार बावरा समेत चार लोगों को नामजद करते हुए 200-250 अज्ञात लोगों के खिलाफ संगीन धाराओं में मामला दर्ज कराया था। पुलिस नामजद आरोपी विकास मेडियन की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश डाल रही थी। बृहस्पतिवार को विकास मेडियन ने एसीजेएम प्रथम कोर्ट में सरेंडर कर दिया। विकास की ओर से उसके अधिवक्ता रविंद्र सिंह और संदीप कटारिया ने जमानत अर्जी दाखिल की, जिसे न्यायाधीश ने खारिज कर विकास को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में 10 मई तक के लिए जेल भेज दिया। उधर, दूसरी ओर जेल में बंद अलमासपुर निवासी उपकार बावरा की न्यायिक हिरासत में भी कोर्ट ने 10 मई तक बढ़ा दी है।