अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। दीपावली के बाद से लगातार हवा लगातार खराब हो रही है। एक्यूआई बढ़कर 289 के खतरनाक स्तर पर पहुंच गया। सुबह और शाम के समय स्मॉग छाया रहा। सांस के रोगियों के लिए मुश्किलें खड़ी हो रही हैं। स्वास्थ्य के लिए हवा की गुणवत्ता बेहद खराब मानी जा रही है।
दिवाली पर 12 नवंबर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 159 रिकॉर्ड किया गया था। आतिशबाजी और पटाखे छोड़े जाने के बाद से हवा की बिगड़ी सेहत सुधरने का नाम नहीं ले रही है। बुधवार को हवा की गुणवत्ता का स्तर बेहद खतरनाक रहा। सूचकांक 289 रिकॉर्ड किया गया। सुबह और शाम को छाए स्मॉग के कारण लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा। आंखों में जलन का अहसास हुआ।
- माॅस्क और चश्मे का प्रयोग करें
हवा की खराब गुणवत्ता से बचाव के लिए मॉस्क और चश्मे का प्रयोग किया जा सकता है। डॉक्टरों का कहना है कि घर से बाहर निकलते समय मास्क और चश्मा पहने, विशेषकर स्मॉग के दौरान।
- किस दिन कैसी रही हवा
तिथि एक्यूआई
15 नवंबर 289
14 नवंबर 202
13 नवंबर 279
12 नवंबर 159
11 नवंबर 187
10 नवंबर 329
- सड़कों पर कराया गया छिड़काव
वायु प्रदूषण की खतरनाक स्थिति को देखते हुए निर्माण स्थलों पर छिड़काव कराया गया। पानीपत-खटीमा हाईवे पर पीनना में चल रहे निर्माणस्थल पर टैंकरों से पानी का छिड़काव किया गया।
- सर्दी का बढ़ रहा असर
मुजफ्फरनगर। जिले में सर्दी का असर बढ रहा है। मंगलवार रात का न्यूनतम पारा 12.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। सुबह-शाम में सर्दी बढ़ गई है। सुबह के समय लोग अधिक गर्म कपड़े पहनकर बाहर निकल रहे हैं। दिन में थोड़ी राहत जरूर बनी हुई है। बुधवार को अधिकतम मौसम 26.0 डिग्री सेल्सियस रहा।