मुजफ्फरनगर। ग्रीन फील्ड हाईस्कूल में आयोजित ध्यान योग शिविर में स्वामी केवलानंद सरस्वती ने कहा कि ध्यान साधना से शरीर की सुप्त शक्तियों का जागरण होता है। ध्यान के नियमित अभ्यास से शरीर का शोधन होता है। काम, क्रोध, लोभ, मोह, ईर्ष्या, द्वेष और अहंकार आदि दुर्गुण योगाभ्यास करने से स्वत: समाप्त हो जाते हैं। योग, प्राणायाम और ध्यान से सहनशीलता, दया, करुणा, प्रेम आदि मानवीय गुणों का विकास होता है। शिविर में योगाचार्य सुरेंद्र पाल सिंह आर्य ने तिर्यक ताड़ासन, पृष्ठभूमि ताड़ासन, नावासन, पश्चिमोत्तान आसन, कोणासन, वज्रासन, उष्टरासन, मंडूकासन, सर्पासन, धनुरासन आदि आसन कराए। साथ ही उनके लाभ भी बताएं। इस अवसर पर डॉ गिरीराज ,सत्यवीर पंवार, डॉ जीतसिंह तोमर, रामपाल सिंह आर्य, सरला, राजेश आदि उपस्थित रहे।