आचार्य अभयदेव का भावपूर्ण स्मरण किया
चरथावल। अरविंद निकेतन के संस्थापक रहे महान योगी आचार्य अभयदेव की स्मृति दिवस पर अनुयायियों ने भावपूर्ण स्मरण किया। दूरदराज से आकर अनुयायियों ने चरथावल स्थित आश्रम में उनकी समाधि पर श्रद्धासुमन अर्पित किए और ध्यान लगाया। आचार्य की समाधि पर अर्पित कर श्रद्धालु नतमस्तक हुए। ध्यान कक्ष में गुरु बिरजानंद इंटर कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य धर्मराज त्यागी ने आचार्य के महान कार्यों की उल्लेख करते हुए बताया कि आचार्य के पिता पंडित रामप्रसाद उच्च कोटि के आर्यसमाजी थे। उनमें देशभक्ति की भावना कूट-कूटकर भरी थी। आचार्य ने अनेक आध्यात्मिक पुस्तकें लिखी। ध्यान के बाद आश्रम में आयोजित गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए बालकृष्ण गुप्ता ने आचार्य की अद्भुत योग विद्या का उल्लेख करते हुए कहा कि सरदार भगत सिंह भी उनसे कई बार मिले थे। सदानंद त्यागी, आनंद त्यागी, कुशल पाल त्यागी, ने विचार व्यक्त किए। धर्मराज, विनरेद त्यागी, नंदकिशोर त्यागी, डाू. बुद्धिमान त्यागी, सोनू त्यागी, जसवीर सिंह, नरेंद्र त्यागी महाबलीपुर, मीरा, शशी, शक्तिदेव त्यागी, प्रवीण कुमार मौजूद रहे।