प्रमाणपत्र न बनने पर जताई नाराजगी
मुजफ्फरनगर। अखिल भारतीय पाल महासभा की बैठक में वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश में गडरिया, धनगर समाज की 11.5 प्रतिशत जनसंख्या है, लेकिन सरकार ने उन्हें छलने का काम किया है। सुप्रीम कोर्ट ने धनगर समाज को अनुसूचित जाति के प्रमाण पत्र जारी करने का आदेश दिया था। 25 फरवरी को जिले में धनगर समाज ने प्रदर्शन कर प्रमाण पत्र जारी करने की मांग की थी, लेकिन प्रशासन ने बहुत कम संख्या में प्रमाण पत्र जारी किए। अब शासन ने धनगर जाति के अनुसूचित जाति के प्रमाण पत्र जारी नहीं करने का आदेश जारी कर दिया है। इसे लेकर समाज के लोगों में भारी नाराजगी है। उन्होंने प्रशासन और नेताओं पर वादाखिलाफी करने का आरोप लगाया है। बैठक में जिलाध्यक्ष रमेश चंद्र पाल, पवन पाल, राजू प्रधान, दर्शन सिंह, मांगेराम कैंडी, टीटू पाल, रमन, रामनिवास पाल, दुष्यंत पाल, नरेश कुमार, गुलजारी लाल आदि शामिल रहे।