पूजा अर्चना करके धूप दशमी महोत्सव मनाया
खतौली। नगर के नौ जैन मंदिरों में धूप दशमी के अवसर पर भगवान शीतलनाथ की विशेष पूजा अर्चना की गई। मांगलिक क्रियाओं और मंत्रोच्चारण के साथ भगवान का अभिषेक और पूजन किया गया। इस अवसर पर भागीरथी जैन मंदिर में फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता का आयोजन अरुण जैन नंगली वालों के निर्देशन में हुआ। बच्चों ने धार्मिक, राजनैतिक और ऐतिहासिक चरित्रों पर आधारित वेशभूषा धारण करके संवाद बोलकर प्रदर्शन किया। जैन मंडी मंदिर में भक्ति नृत्य प्रतियोगिता का मनमोहक आयोजन हुआ। वहीं, जक्की वाला मंदिर में संगीता जैन और छवि जैन के संयोजन में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनोहारी प्रस्तुति दी गई। जैन महिला नव ज्योति ने धार्मिक तंबोला कराया। पीसनोपाड़ा जैन मंदिर में आयोजित धर्म सभाी में क्षमा भूषण महाराज ने कहा कि आज उत्तम संयम का दिन है। संयम का अर्थ है आत्म नियंत्रण। पांचों इंद्रियों एवं मन की प्रवृतियों पर अंकुश रखना उत्तम संयम धर्म है। वाणी का संयम समाज में सामंजस्य व मैत्री भाव लाता है। भोजन का संयम मन को शुद्ध करता है। आत्म संयम के द्वारा ही हम अपनी धर्म एवं संस्कृति का संरक्षण करते हैं। रात में जिनेेंद्र प्रभु की संगीतमय भक्ति व आरती की गई। इस अवसर पर अमरचंद सराफ, रतनलाल, नेमचंद, जुगमंदर, रामकुमार, सुभाष टीकरी, सुधीर आढ़ती, नवीन प्रवक्ता, सुभाष, सुशील, पंकज, अविरल, अशोक सराफ, सुधीर मुखिया, अनीता, प्रीति, डॉ. ज्योति, रीता, अंजली, पिंकी, बीना, करुणा, शक्ति, नीरज प्रवक्ता आदि रहे।