मुजफ्फरनगर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की ओर से चयनित आशाओं को आवासीय प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षकों ने आशाओं को समाज के प्रति उनका दायित्व, जिम्मेदारी के साथ मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के भी तरीके बताए। आशाओं को प्रशिक्षित करने के लिए एनएचएम द्वारा कूकड़ा ब्लॉक स्थित एएनएम ट्रेनिंग सेंटर में आठ दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण दिया गया। बैच में ब्लॉक बघरा, चरथावल, पुरकाजी, जानसठ की 31 आशाएं प्रशिक्षित हुई। प्रशिक्षण के दौरान मॉड्यूल एक से मॉडयूल पांच तक के अंतर्गत सभी विषयों की जानकारी दी गई। जिला कम्यूनिटी प्रोसेसिंग मैनेजर अनुज सक्सेना और राज्य प्रशिक्षक प्रभा शर्मा ने कहा कि आशा समाज की वह कड़ी है, जिसके कंधे पर उसके गांव की पूरी जिम्मेदारी होती है। जिला प्रशिक्षक शीजा खानम और शशि बाला ने आशाओं को एनएचएम के तीन महत्वपूर्ण मिशन मातृ मृत्यु दर, शिशु मृत्यु दर एवं सकल प्रजनन दर के बारे में जानकारी दी।