रेलवे स्टेशन पर अचानक एक युवक की तबीयत बिगड़ गई। उसने फोन पर दोस्तों को सूचना दी। दोस्त उसे अस्पताल ले गए, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। युवक के परिजनों ने तीन लोगों के खिलाफ जहर देकर हत्या करने का आरोप लगाया है। जबकि पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।
कांशीरामनगर निवासी भूरे सिंह ने तहरीर में बताया कि 23 फरवरी को उनका बेटा सुमित (20) बिजनौर में परिवार के साथ एक शादी में गया था। देर रात वह किसी को बिना बताए वहां से निकल गया। जब काफी देर तक उसका पता नहीं चला तो उसे फोन किया। तब सुमित ने बताया कि वह ट्रेन में बैठकर मुरादाबाद आ गया है और स्टेशन पर उतर गया है।
थोड़ी देर बाद सुमित ने अपने दोस्त राजेंद्र को फोन कर कहा कि उसकी हालत ठीक नहीं है। आकर उसे स्टेशन से ले जाए। तब राजेंद्र और दूसरा दोस्त शुभम स्टेशन से सुमित को लेकर अस्पताल पहुंचे। सूचना पर परिजन भी बिजनौर से मुरादाबाद के अस्पताल में पहुंच गए। 24 फरवरी को इलाज के दौरान सुमित की मौत हो गई। परिजनों का कहना है कि सुमित ने अस्पताल में बताया था कि उसे जहर दिया गया है।
परिजन बोले प्रेम प्रसंग में हुई है हत्या
घरवालों ने बताया कि सुमित के मोबाइल का लॉक खोला तो उसमें सूर्यनगर लाइनपार निवासी उसकी प्रेमिका की 18 कॉल 23 फरवरी की देर रात की पड़ी थीं। इसके अलावा प्रेमिका के भाई व होने वाले पति की कॉल भी थीं। सुमित के पिता भूरे सिंह का कहना है कि 27 फरवरी को उस लड़की की शादी होने वाली थी। तीनों लोगों ने सुमित पर दबाव बनाकर उसे मुरादाबाद बुलाया और स्टेशन पहुंचने पर जहर देकर उसकी हत्या कर दी। वहीं जीआरपी इंस्पेक्टर सुधीर कुमार का कहना है कि मृतक के परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया है। इसमें जांच की जा रही है। अभी स्पष्ट नहीं कहा जा सकता कि उसे जहर दिया गया था, या उसने स्वयं ऐसा कदम उठाया।