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Moradabad News: हाईवे पर दौड़ते वाहन इलेक्ट्रिक टरबाइन की मदद से पैदा करेंगे बिजली

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मुरादाबाद। तीर्थंकर महावीर विश्वविद्यालय में सीसीएसआईटी की इन्नोवेटिव फैकल्टी प्रदीप कुमार गुप्ता ने दुनिया को एक और नायाब तोहफा दिया है। इस इन्नोवेशन में एक्सप्रेस वे सरीखे रूट पर दौड़ते वाहन बिजली उत्पन्न करेंगे। इसके लिए उन्होंने इलेक्ट्रिक टरबाइन विकसित की हैं, जिससे बड़ी मात्रा में बिजली का उत्पादन होगा। ये टरबाइन हाईवे पर फर्राटा भरते वाहनों की हवा की लहरों से बिजली पैदा करेंगी। यह बिजली सीधे या बैटरियों के जरिए प्रयोग की जा सकती है।
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साथ ही इस बिजली से हाईवे पर लगी स्ट्रीट लाइट्स, इंडीकेटरर्स और ट्रैफिक लाइट्स को भी रोशन किया जा सकता है। इस अनुसंधान का पेटेंट प्राप्त करने के लिए प्रदीप गुप्ता ने आफिस ऑॅफ कंट्रोलर जनरल ऑफ पेटेंट्स भारतीय बौद्धिक संपदा विभाग में आवेदन किया। इसको आविष्कारी मानते हुए पेटेंट विभाग ने अपनी वेबसाइट पर प्रकाशित भी कर दिया है। टीएमयू के कुलाधिपति सुरेश जैन, जीवीसी मनीष जैन, एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर अक्षत जैन, वीसी प्रो. रघुवीर सिंह, रजिस्ट्रार डॉ. आदित्य शर्मा, डीन एकेडमिक्स प्रो. मंजुला जैन, सीसीएसआईटी के निदेशक प्रो. आरके द्विवेदी ने इस पेटेंट पब्लिकेशन को बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय नवाचार, शोध, प्रकाशन और स्टार्ट अप्स के प्रति बेहद संजीदा है।
प्रदीप कुमार गुप्ता के अनुसार प्रचलित टरबाइन अत्यधिक महंगी होती हैं। इसके अतिरिक्त इनसे बिजली प्राप्त करने के लिए बहती हवा का होना अति आवश्यक है। इस टरबाइन का सेटअप परंपरागत टरबाइन की अपेक्षा बेहद सस्ता है। यह आविष्कार इन समस्याओं का हल सुझाने वाला है। हाईवे पर बने डिवाइडर खाली स्थान के रूप में हैं, जिन पर इन टरबाइन को स्थापित किया जा सकता है। हाईवे पर तीव्र गति से चलने वाला ट्रैफिक तीव्र वायु तरंगों को पैदा करता है। इनकी ऊर्जा से इन टरबाइन को घुमाया जा सकता है। टरबाइन से उत्पन्न होने वाली बिजली हाईवे किनारे स्थित गांवों और कस्बों में तमाम कामों में प्रयोग की जा सकती है।
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