एनएचएआई के पीडी अनुज कुमार जैन ने बताया कि रिंग रोड बनाने के लिए भटावली स्थित रामगंगा नदी पर पुल का निर्माण जारी है। इस पुल के नीचे पिलर बनाए जा रहे हैं। ग्रामीणों ने पिलर की जमीन पर अपना दावा किया। इस विवाद की जानकारी मिलने पर सिटी मजिस्ट्रेट किंशुक श्रीवास्तव ने तहसीलदार को जमीन की पैमाइश करने के निर्देश दिए हैं। ग्रामीणों को प्रशासनिक अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि यह दो प्रकार की जमीनें हैं। यदि ग्रामीणों की जमीन निकलेगी तो उनको अन्यत्र जमीन या मुआवजा दिया जाएगा। रिंग के अन्य स्थानों पर कार्य तेजी के साथ चल रहा है।
रिंग रोड का अभी 20 प्रतिशत काम हुआ
शहर के यातायात व्यवस्था की लाइफ लाइन रिंग रोड के लिए मिट्टी डालने का काम अभी 15 किलोमीटर तक हुआ है। रामगंगा नदी पर पुल निर्माणाधीन है। इस रोड पर 30 से अधिक पुलिया और 11 अंडरपास बनेंगे। चार माह में रोड बनाने के लिए अभी तक मात्र 15 किलोमीटर तक मिट्टी डालने का काम हो पाया है। अभी तक तीस पुलिया में से एक भी पुलिया का निर्माण पूरा नहीं हो पाया है। एक अंडरपास का काम पूरा हो गया है। सात अंडरपास पर काम चल रहा है।
एनएचएआई ने गांवों की जमीन का मुआवजा देने के लिए 430 करोड़ रुपये जिला प्रशासन को मुहैया कराया था। सिटी मजिस्ट्रेट किंशुक श्रीवास्तव का कहना है कि 90 प्रतिशत से अधिक किसानों को जमीन की 390 करोड़ रुपये से अधिक की धनराशि मुआवजे के रूप में भुगतान कर दी गई है। अभी 10 प्रतिशत के कम मुआवजा देना बाकी है।
इन गांवों की जमीन रिंग रोड में शामिल
रिंग रोड के लिए अमरोहा जिले के औरंगाबाद, सिरसा मोहन की 13 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहीत की गई है। इसके अलावा मुरादाबाद जिले के लोधीपुर राजपूत, पल्लूपुरा घोसी, धन्नूपुरा, चक गिरौड़ा, मोहरा, गुरेठा, उत्तमपुर बहलोलपुर, शाह आलमपुर, सिकंदरपुर, सलेमपुर बंगर, लोधीपुर जवाहरनगर, काजीपुरा, मुगलपुर उर्फ अगवानपुर मुस्तकम, बहतवाली मुस्तकम, बहतवाली अहतमाती, हरदासपुर, सैदपुर खादर, अबाबकरपुर, भगतपुर रतन, त्रिलोकपुर, घटवावाला, रुपपुर बहादुरपुर, दादूपुर पयांदपुर मुस्तकम, मेदनीपुर, गोधी, बिजना, हटहट, ठीकरी, ककरघट्टा, साहू नंगला, लक्ष्मीपुर कट्टई, याकूतपुर छपरा, डिलारी की जमीन शामिल है।
ऐसे होकर जाएगी रोड
यह रिंग रोड मूंढापांडे राष्ट्रीय राजमार्ग से शुरू होकर कुंदरकी रोड, संभल रोड, दिल्ली रोड, कैंलसा रोड, अगवानपुर बाईपास, दिल्ली हरिद्वार राष्ट्रीय राजमार्ग, को क्रॉस करते हुए रामगंगा नदी को पार करेगी। काशीपुर रोड को क्रॉस कर मुरादाबाद रामपुर हाईवे पर जाकर रिंग रोड समाप्त होगी। रिंग रोड का निर्माण करने के लिए शासन ने 655 करोड़ का बजट निर्धारित किया है। मुआवजे और वन विभाग का बजट निर्माण से अलग है। रिंग रोड निर्माण की कुल लागत 12 हजार करोड़ होने का अनुमान है। शासन ने डेढ़ साल की निर्धारित अवधि में काम पूरा करने के निर्देश दिए हैं।