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Moradabad News: स्कूलों की काया बदली, पर अभी भी टाट-पट्टी पर बैठ रहे विद्यार्थी

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मुरादाबाद।
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बेसिक शिक्षा विभाग के परिषदीय स्कूलों में सुविधाओं के बड़े दावों के विपरीत करीब दो सौ विद्यालयों में विद्यार्थी टाट-पट्टी पर बैठकर पढ़ाई करते हैं। यहां विद्यार्थियों के लिए फर्नीचर की व्यवस्था नहीं है। बारिश के दिनों में सीलन होने पर जमीन पर बैठने में परेशानी होती है। वहीं प्रधानाध्यापकों का कहना है कि विभाग से लगातार डिमांड के बाद भी फर्नीचर की व्यवस्था नहीं हो पा रही है।

जिले के 1408 परिषदीय स्कूलों में करीब एक लाख 83 हजार विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। आठ ब्लॉक और नगर क्षेत्र में करीब दो सौ विद्यालयों में विभाग फर्नीचर की व्यवस्था नहीं कर पाया है। शहर के कंपोजिट विद्यालय मझोला में कक्षा एक और दो के विद्यार्थी जमीन पर चटाई बिछाकर बैठते हैं। प्रभारी प्रधान अध्यापिका अलका सिक्का का कहना है कि कक्षा एक के 27 और दो के 35 बच्चों के लिए फर्नीचर की व्यवस्था नहीं है। चार साल से विभाग से फर्नीचर की मांग की जा रही है, लेकिन अभी तक उपलब्ध नहीं हो सका है। सर्दियों में ठिठुरन बढ़ने पर तो चटाई के ऊपर दरी बिछा बच्चों को बैठाया जाता है।
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वहीं, बिलारी ब्लॉक में 201 में से 43 परिषदीय स्कूलों में फर्नीचर नहीं है। बिलारी के कन्या कंपोजिट विद्यालय की प्रधानाध्यापिका अतरेश कुमारी के मुताबिक पालिका अध्यक्ष और खंड शिक्षा अधिकारी को पत्र भेजकर कन्या प्राइमरी स्कूल में फर्नीचर की मांग की थी। लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया गया। ग्वालखेड़ा गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक धमेंद्र सिंह ने बताया कि उच्च प्राथमिक विद्यालय के छात्रों को अभी तक फर्नीचर नहीं मिला। इन स्कूलों में विद्यार्थियों को जमीन पर बैठना पड़ता है। इसकी वजह से कई बार बच्चे शरीर में खुजली होने की शिकायत करते हैं।

नौ परिषदीय स्कूलों में जमीन पर बैठकर पढ़ रहे हैं विद्यार्थी

ठाकुरद्वारा। ठाकुरद्वारा ब्लॉक के नौ परिषदीय स्कूलों में अभी भी फर्नीचर की व्यवस्था नहीं है। इन विद्यालयों में उच्च प्राथमिक विद्यालय लालपुर गोसाई और उच्च प्राथमिक विद्यालय करनावाला जबदी, प्राथमिक विद्यालय मंडेया विजय रामपुर और प्राथमिक विद्यालय रामूवाला शेखू शामिल हैं। विद्यार्थियों के अनुसार बारिश में जब वह गीले पैरों से क्लास में आते हैं तो चटाई भी गंदी हो जाती है। इसके बावजूद उसी पर बैठना पड़ता है। संवाद

इमरतपुर सिरसी के स्कूल में टाट-पट्टी पर बैठने को मजबूर है बच्चे

- ब्लॉक कुंदरकी के प्राथमिक विद्यालय इमरतपुर सिरसी में पंजीकृत 125 विद्यार्थियों टाट-पट्टी पर बैठकर पढ़ने को मजबूर हैं। विद्यार्थी अभिषेक, अमान और जीनत का कहना था कि बारिश में फर्श में सीलन है। कपड़े भी गीले ही रहते हैं, जिसकी वजह से हम असहज हो जाते हैं। प्रधानाध्यापिका रेखा रानी ने बताया कि स्कूल में बच्चों के लिए फर्नीचर उपलब्ध नहीं होने की बारे में पहले से उच्च अधिकारियों की रिपोर्ट भेजी जा चुकी है।
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- इस वर्ष करीब 36 जूनियर स्कूलों के लिए फर्नीचर की खरीद की गई है। इसके अलावा पिछले वर्ष करीब सौ स्कूलों में आए फर्नीचर को भी कुछ विद्यालयों में समायोजित किया जाएगा। अभी रिपोर्ट तैयार की जा रही है। उसके बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।

- विमलेश कुमार, बीएसए
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